“बेटा! दिल्ली अब सुरक्षित नहीं, घर लौट आओ”, सत्य निकेतन बिल्डिंग कांड के बाद हजारों छात्रों का क्या होगा?

दिल्ली के सत्य निकेतन हॉस्टल हादसे के बाद छात्रों में डर का माहौल है। डाइनामाइट न्यूज़ की ग्राउंड रिपोर्ट में सामने आया कि कई छात्र अपने घर लौटने को मजबूर हैं। 200 से ज्यादा पीजी और हजारों छात्रों की सुरक्षा पर अब बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 7 September 2026, 9:37 PM IST

New Delhi: दिल्ली में साउथ कैंपस के पास सत्य निकेतन इलाके में जो हुआ, उसने सिर्फ दिल्ली नहीं बल्कि पूरे देश को हिलाकर रख दिया। भारत के अलग-अलग राज्यों जैसे बिहार, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और मध्य प्रदेश समेत काफी इलाकों से हजारों स्टूडेंट्स दिल्ली के साउथ कैंपस में आते हैं। इन बच्चों का सपना होता है कि वह दिल्ली यूनिवर्सिटी में पढ़कर किसी काबिल बनेंगे, लेकिन रविवार (6 सितम्बर 2026) की दोपहर करीब 1:30 बजे जो हुआ, उसने सभी को परेशान करके रख दिया है।

सपनों से बड़ी बच्चों की जिंदगी

डाइनामाइट न्यूज़ की टीम ने इस "बिल्डिंग कांड" में ग्राउंड जीरो रिपोर्टिंग की। जिसमें स्टूडेंट्स में गुस्से के साथ डर का माहौल भी देखने को मिल रहा था। राशि नाम की एक छात्रा ने बताया, "इस हादसे के बाद रविवार की शाम करीब 6:00 बजे मेरे पास मम्मी का कॉल आया। मम्मी ने मुझसे कहा कि अब वापस आ जाओ, क्योंकि वहां पर सुरक्षित कोई नहीं है। मेरी मम्मी बहुत परेशान है। ऐसे में हमारे सपनों के ऊपर संकट आ गए हैं। मेरे परिवार ने सोचा था कि मैं यहां पर आकर पढ़ाई करुंगी और कामयाब हो जाऊंगी, लेकिन लग रहा है कि अब सपनों के इस सफर को बीच में छोड़कर वापस घर जाना होगा।

बेटे को पिता ने बुलाया वापस

मयंक नाम के एक लड़के ने भी डाइनामाइट न्यूज़ से बातचीत की। मयंक ने बताया, "हादसे के बाद पापा का कॉल मेरे पास आया था। पापा ने कहा बेटा तुम वापस आ जाओ। हमें ऐसे सपने नहीं चाहिए, जिसमें हमारे बच्चे की जान जोखिम में हो। अब मैं वापस जा रहा हूं और काफी बच्चे यहां से वापस चले भी गए हैं। मैं अपने रूम का किराया 15,000 रुपए महीना के हिसाब से देता था। उसके बावजूद भी यहां पर कोई सुरक्षित नहीं है। ऐसे में हमारे पास कोई दूसरा रास्ता नहीं है।"

200 से ज्यादा पीजी में 5 हजार से ज्यादा स्टूडेंट्स

सत्य निकेतन में जो हुआ, उसने पूरे देश को हिला कर रख दिया। बताया जा रहा है कि सत्य निकेतन में करीब 200 से ज्यादा पीजी हैं, जिनमें करीब 5 हजार से ज्यादा स्टूडेंट्स रहते हैं। वहां पर जीरो ग्राउंड रिपोर्टिंग पर पता चला कि आधे से ज्यादा पीजी की हालात बेहद खस्ता है। लोगों ने 50-50 गज के प्लॉट में पांच से लेकर छह मंजिला तक इमारत खड़ी की हुई है, जो नियमों का पूरे तरीके से उल्लंघन कर रही हैं। उसके बावजूद भी दिल्ली सरकार ने आंखों पर पट्टी बांधी हुई है।

Location :  New Delhi

Published :  7 September 2026, 9:31 PM IST