दिल्ली सरकार ने 2026-27 के लिए 1.03 लाख करोड़ का बजट पेश किया है। इसमें छात्राओं को साइकिल, मेधावी छात्रों को लैपटॉप, महिला सुरक्षा, स्वास्थ्य और इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस रखा गया है।

दिल्ली सरकार का बजट (Img- Internet)
New Delhi: दिल्ली सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 1,03,700 करोड़ रुपये का बजट पेश किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस बजट को विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं पर केंद्रित बताया। बजट में युवाओं, महिलाओं और प्रदूषण नियंत्रण को प्राथमिकता दी गई है।
बजट में शिक्षा क्षेत्र के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गई हैं। मुख्यमंत्री ने सरकारी स्कूलों में कक्षा 9 की 1.30 लाख छात्राओं को मुफ्त साइकिल देने की योजना का ऐलान किया है। इस योजना के लिए 90 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिससे छात्राओं की शिक्षा तक पहुंच को आसान बनाया जा सके।
सरकार ने कक्षा 10वीं के मेधावी छात्र-छात्राओं को प्रोत्साहित करने के लिए उन्हें लैपटॉप देने की घोषणा की है। इस योजना के लिए 10 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, जिससे डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा।
दिल्ली सरकार ने महिला सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए 50 करोड़ रुपये की विशेष निधि बनाई है। इसके तहत शहर के अंधेरे और असुरक्षित क्षेत्रों की पहचान कर वहां आधुनिक लाइट और सेंसर लगाए जाएंगे, ताकि महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
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बजट में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 12,645 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा आयुष्मान भारत योजना के तहत ट्रांसजेंडर समुदाय को शामिल करने के लिए 202 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। साथ ही 750 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के लिए 1,500 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
मानसून के दौरान जलभराव की समस्या से निपटने के लिए सिंचाई विभाग को 610 करोड़ रुपये दिए गए हैं। वहीं दिल्ली जल बोर्ड को 9,000 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है, जिससे जल आपूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाया जा सके।
विद्युत विभाग के लिए 3,942 करोड़ रुपये और अग्निशमन विभाग के लिए 674 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सड़क सुधार के लिए एमसीडी को 1,000 करोड़ रुपये और पीडब्ल्यूडी को 1,352 करोड़ रुपये दिए गए हैं। नजफगढ़ नाले के किनारे सड़कों के लिए 454 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।
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सरकार ने पूर्व में अधूरे पड़े सात आईसीयू अस्पतालों को पूरा करने के लिए 150 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। इसके साथ ही विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास योजना के लिए 350 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।