Dynamite News की पड़ताल में खुली जिला अस्पताल की पोल, मरीज बेहाल

इटावा जिला अस्पताल में बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाएं, कई विभागों पर लटके मिले ताले24 घंटे सीटी स्कैन की मुफ्त सुविधा का दावा खोखला, दो दिन से खराब पड़ी मशीन; मरीजों से वसूली के आरोप

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 16 June 2026, 6:00 PM IST

Etawah: उत्तर प्रदेश सरकार भले ही जिला अस्पतालों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने के दावे कर रही हो, लेकिन इटावा जिला अस्पताल की जमीनी हकीकत इन दावों की पोल खोलती नजर आई। डाइनामाइट न्यूज की पड़ताल में अस्पताल की व्यवस्थाएं सुस्त और लापरवाही से भरी मिलीं। कई महत्वपूर्ण विभागों में स्टाफ नदारद रहा, जबकि कुछ विभागों पर ताले लटके मिले।

डाइनामाइट न्यूज़ की टीम ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा 

डाइनामाइट की टीम ने जिला अस्पताल पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान फ्लू विभाग और मंकीपॉक्स (एमपॉक्स) विभाग बंद मिले। दोनों विभागों के बाहर ताले लटके थे और वहां कोई स्वास्थ्यकर्मी मौजूद नहीं था।

सुविधा उपलब्ध होने का दावा खोखला हुआ साबित

जिला अस्पताल में 24 घंटे निशुल्क सीटी स्कैन सुविधा उपलब्ध होने का दावा भी जांच में खोखला साबित हुआ। पड़ताल में सामने आया कि अस्पताल की सीटी स्कैन मशीन पिछले दो दिनों से खराब पड़ी है, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

मरीजों को करना पड़ रहा है लंबा इंतजार

इतना ही नहीं, अस्पताल प्रशासन की ओर से 24 घंटे सीटी स्कैन सुविधा का दावा किया जाता है, लेकिन वास्तविकता इससे अलग मिली। जानकारी के अनुसार अस्पताल में सीटी स्कैन केवल सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक ही किए जाते हैं। इसके बाद मरीजों को या तो इंतजार करना पड़ता है या फिर निजी केंद्रों का सहारा लेना पड़ता है।

मरीजों से वसूले जाते हैं पैसे

अस्पताल परिसर के बाहर मौजूद मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत में यह आरोप भी सामने आया कि सीटी स्कैन कराने के नाम पर मरीजों से पैसे वसूले जाते हैं।

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बायोमेट्रिक पंचिंग के बाद गायब हो जाते हैं डॉक्टर 

वहीं, अस्पताल पहुंचे लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि कई डॉक्टर सुबह अस्पताल में उपस्थिति दर्ज कराने के लिए बायोमेट्रिक पंचिंग करने के बाद अपने कक्षों से गायब हो जाते हैं, जिससे मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ता है।

एक मरीज के परिजन ने अपनी पीड़ा बताते हुए कहा, "हम गरीब लोग हैं, इसलिए मजबूरी में सरकारी अस्पताल आते हैं। अगर यहां भी समय पर इलाज और सुविधाएं नहीं मिलेंगी तो आखिर कहां जाएंगे?"

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डाइनामाइट न्यूज की इस पड़ताल ने जिला अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इन अव्यवस्थाओं पर संज्ञान लेकर सुधारात्मक कदम उठाते हैं या फिर मरीजों को यूं ही परेशानियों का सामना करना पड़ता रहेगा।

Location :  Etawah

Published :  16 June 2026, 5:59 PM IST