Chhattisgarh News: वर्दी नहीं नीली साड़ी में दिखीं IPS अंकिता शर्मा, हाथ में AK-47 लिए तस्वीरों ने खींचा ध्यान

छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में विजयादशमी पर शस्त्र पूजन के दौरान IPS अंकिता शर्मा नीली साड़ी में AK-47 के साथ नजर आईं। हर्ष फायरिंग के बाद कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है।

Post Published By: Tanya Chand
Updated : 21 October 2026, 1:38 PM IST
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Raipur: छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में विजयादशमी के अवसर पर आयोजित शस्त्र पूजन कार्यक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। इस वीडियो में पुलिस अधीक्षक और आईपीएस अधिकारी अंकिता शर्मा नीली साड़ी पहने AK-47 के साथ नजर आ रही हैं। शस्त्र पूजन के बाद हुई हर्ष फायरिंग के दृश्य ने लोगों का ध्यान खींचा है। आमतौर पर पुलिस अधिकारियों को वर्दी में देखने वाले लोगों के लिए पारंपरिक परिधान में हथियार के साथ उनकी तस्वीर अलग नजर आई। इसी वजह से कार्यक्रम का यह दृश्य सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

नीली साड़ी में AK-47 के साथ दिखीं IPS अंकिता शर्मा

राजनांदगांव पुलिस लाइन में विजयादशमी के अवसर पर शस्त्र पूजन का आयोजन किया गया था। इसमें पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और जवान मौजूद रहे। कार्यक्रम में अंकिता शर्मा नीली साड़ी पहने दिखाई दीं। उनके हाथ में AK-47 थी और आसपास मौजूद लोग इस पल को कैमरों में रिकॉर्ड कर रहे थे। पारंपरिक भारतीय परिधान और आधुनिक हथियार का यह मेल वीडियो की खास पहचान बन गया।

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शस्त्र पूजन के बाद हुई हर्ष फायरिंग

विजयादशमी पर शस्त्र पूजन की परंपरा पुलिस और सुरक्षा बलों के कई आयोजनों का हिस्सा है। राजनांदगांव पुलिस लाइन में भी विधि-विधान से हथियारों की पूजा की गई। इसके बाद पुलिस वाहनों की पूजा-अर्चना हुई और परंपरा के अनुसार हर्ष फायरिंग की गई। आयोजन के दौरान अंकिता शर्मा का AK-47 के साथ नजर आना चर्चा का प्रमुख कारण बना। हालांकि, हर्ष फायरिंग को सामान्य हथियार प्रशिक्षण से अलग समझना चाहिए; हथियारों का इस्तेमाल निर्धारित सुरक्षा नियमों के अनुसार ही किया जाना चाहिए।

विजयादशमी पर क्यों होती है शस्त्र पूजा?

विजयादशमी को बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। धार्मिक परंपराओं में इस दिन शस्त्र पूजन का विशेष महत्व है। पुलिस और सुरक्षा बलों के लिए हथियार कानून-व्यवस्था बनाए रखने और नागरिकों की सुरक्षा करने के साधन हैं। इसलिए कई इकाइयों में इस अवसर पर हथियारों और अन्य उपकरणों की पूजा की जाती है। राजनांदगांव पुलिस लाइन का कार्यक्रम भी इसी परंपरा के तहत आयोजित किया गया।

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पुलिस वाहनों की भी हुई पूजा-अर्चना

शस्त्र पूजन के साथ पुलिस वाहनों की पूजा भी कार्यक्रम का हिस्सा रही। पुलिस की गाड़ियां आपात स्थिति में पहुंचने, गश्त करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में अहम भूमिका निभाती हैं। ऐसे आयोजन में हथियारों और वाहनों की पूजा को विभाग के कर्तव्यों और जिम्मेदारियों के प्रति सम्मान से जोड़कर देखा जाता है। कार्यक्रम में पुलिस विभाग के अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए।

Location :  Raipur

Published :  21 October 2026, 1:38 PM IST

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