हर सुबह इस रास्ते पर दांव पर लगती है जिंदगी… वहीं फिर मंडराने लगा मौत का साया

Bagaha Crocodile Attack ने पश्चिम चंपारण के भापसा नाला इलाके में फिर दहशत फैला दी। आठ दिन के भीतर मगरमच्छ के दूसरे हमले में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। पुल नहीं होने से ग्रामीण रोज जान जोखिम में डालकर नाला पार करने को मजबूर हैं।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 26 July 2026, 2:36 PM IST

पश्चिम चंपारण: Bagaha Crocodile Attack का एक और मामला सामने आने के बाद नौरंगिया थाना क्षेत्र का भापसा नाला फिर सुर्खियों में है। रविवार सुबह खेत जाने के दौरान 35 वर्षीय बरसाती देवी पर मगरमच्छ ने अचानक हमला कर दिया। महिला के पति और साथ मौजूद ग्रामीणों ने साहस दिखाते हुए छाते से मगरमच्छ पर वार किया, जिसके बाद महिला की जान बच सकी। हालांकि हमले में उसके दोनों पैर गंभीर रूप से घायल हो गए।

खेत जाने के दौरान अचानक टूट पड़ा मगरमच्छ

जानकारी के अनुसार, पचरुखा सिरिसिया गांव निवासी बरसाती देवी अन्य ग्रामीणों के साथ भापसा नाला पार कर खेत जा रही थीं। कुछ लोग नाला पार कर चुके थे, जबकि बरसाती देवी बीच रास्ते में थीं। इसी दौरान पीछे से मगरमच्छ ने उन पर हमला कर दिया। ग्रामीणों ने शोर मचाया और छाते से मगरमच्छ पर वार कर किसी तरह महिला को उसके चंगुल से छुड़ाया।

अस्पताल में भर्ती, हालत खतरे से बाहर

Bagaha Crocodile Attack की सूचना मिलते ही वन विभाग, डायल-112 और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा। घायल महिला को तत्काल बगहा अनुमंडलीय अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी हालत खतरे से बाहर बताई। वन विभाग ने नियमानुसार मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।

यूपी में एक और पति की हत्या: रात में मारा, सुबह होते ही कर दी घर की लिपाई; पत्नी की चालाकी पर भारी पड़ा एक सबूत

8 दिन में दूसरा हमला, पुल नहीं बना सबसे बड़ी वजह

इस घटना ने एक बार फिर भापसा नाला पर पुल निर्माण की मांग को तेज कर दिया है। स्थानीय मुखिया अरविंद कुमार ने बताया कि पुल नहीं होने के कारण ग्रामीणों को रोज इसी नाले से गुजरना पड़ता है। 19 जुलाई को भी इसी स्थान पर भूल टोला निवासी केदार बैठा पर मगरमच्छ ने हमला कर उन्हें गहरे पानी में खींच लिया था, जिनका अब तक कोई पता नहीं चल सका।

अब आसानी से नहीं मिल रहा वीआईपी पास… राम मंदिर दर्शन व्यवस्था में आई परेशानी, जानें क्या है नई व्यवस्था?

ग्रामीणों की मजबूरी, वन विभाग की चेतावनी

वनक्षेत्र पदाधिकारी नसीम अहमद अंसारी ने बताया कि भापसा नाला मगरमच्छों का प्राकृतिक आवास है और लोगों को इस रास्ते से न गुजरने की सलाह दी जाती रही है। लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि यदि वे यह रास्ता छोड़ दें तो उन्हें करीब आठ किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है। ऐसे में पुल के अभाव में लोग मजबूरी में अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। Bagaha Crocodile Attack ने एक बार फिर प्रशासन के सामने बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर ग्रामीणों की सुरक्षा कब सुनिश्चित होगी।

Location :  West Champaran

Published :  26 July 2026, 2:31 PM IST