
प्रतीकात्मक छवि (Source: Pinterest)
Pratapgarh: रानीगंज बाजार स्थित एक निजी अस्पताल में प्रसव के बाद 26 वर्षीय प्रसूता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। महिला ने अस्पताल में एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया था। इसके कुछ ही घंटे बाद उसकी हालत बिगड़ गई। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने मामले की जांच के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम गठित की है।
रानीगंज थाना क्षेत्र के राजापुर गांव निवासी आकाश जायसवाल की 26 वर्षीय पत्नी खुशबू जायसवाल को प्रसव पीड़ा होने पर रानीगंज के पार्थ हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। परिजनों के मुताबिक, अस्पताल में खुशबू ने एक स्वस्थ बेटी को जन्म दिया। परिवार में बच्ची के जन्म से खुशी का माहौल था, लेकिन डिलीवरी के करीब एक-दो घंटे बाद प्रसूता की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी।
परिजनों का आरोप है कि खुशबू को अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। इसके बाद अस्पताल की ओर से दो यूनिट खून की व्यवस्था करने के लिए कहा गया। परिजनों के अनुसार, कुछ देर बाद जब प्रसूता की हालत और गंभीर हो गई तो अस्पताल कर्मियों ने उसे जौनपुर के लिए रेफर कर दिया। परिवार के लोग आनन-फानन में खुशबू को लेकर जौनपुर के लिए रवाना हुए।
जौनपुर ले जाते समय रास्ते में खुशबू की हालत बेहद नाजुक हो गई। इसके बाद परिजन उसे वापस प्रतापगढ़ मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। प्रसूता की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। बेटी के जन्म की खुशियां कुछ ही घंटों में मातम में बदल गईं।
खुशबू की मौत की जानकारी मिलने के बाद परिजन निजी अस्पताल पहुंचे और इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। आरोप है कि स्थिति बिगड़ने के बाद अस्पताल संचालक और स्टाफ अस्पताल में ताला लगाकर मौके से चले गए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी जुटाई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मामले की जानकारी स्वास्थ्य विभाग तक पहुंचने के बाद जांच शुरू कर दी गई। डिप्टी सीएमओ डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि निजी अस्पताल में प्रसूता की मौत का मामला संज्ञान में आया है। मामले की गहन जांच के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम भेजी जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर अस्पताल के खिलाफ एफआईआर, सीलिंग और अन्य विधिक कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा। फिलहाल प्रसूता की मौत की वास्तविक वजह जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद स्पष्ट होगी।
Location : Pratapgarh
Published : 21 September 2026, 10:48 AM IST