लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर बड़ा एक्शन: NHAI ने निर्माण करने वाली कंपनी PNC इंफ्राटेक को 3 साल के लिए किया बैन

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के कुछ ही हफ्तों बाद सड़क धंसने और 74 जगहों पर गड्ढे मिलने के मामले में NHAI ने बड़ी कार्रवाई की है। निर्माण करने वाली कंपनी PNC इंफ्राटेक को 3 साल के लिए बैन कर दिया गया है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 17 September 2026, 8:52 AM IST

Lucknow: लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के निर्माण कार्य में भारी लापरवाही और गंभीर खामियां मिलने के बाद भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने एक कड़ा कदम उठाया है। NHAI ने इस एक्सप्रेसवे को बनाने वाली मुख्य कंपनी 'PNC इंफ्राटेक लिमिटेड' और उसकी सहायक कंपनी 'अवध एक्सप्रेसवे प्राइवेट लिमिटेड' पर 3 साल यानी पूरे 36 महीने का प्रतिबंध लगा दिया है। यह नया बैन 3 सितंबर 2026 से प्रभावी हो गया है।

उद्घाटन के कुछ हफ्तों बाद ही धंसा एक्सप्रेसवे, निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल

इस बहुप्रतीक्षित एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 13 जुलाई 2026 को हुआ था, लेकिन उद्घाटन के महज कुछ ही हफ्तों के भीतर सड़क का एक हिस्सा बुरी तरह धंस गया। इससे इस पूरे प्रोजेक्ट की निर्माण गुणवत्ता पर बहुत बड़े सवाल खड़े हो गए।

रिपोर्ट्स के अनुसार, सड़क बनने के केवल 26 दिनों के भीतर ही इस एक्सप्रेसवे पर 74 अलग-अलग जगहों पर गड्ढे और गंभीर क्षति देखने को मिली। सड़क की इस खस्ताहाल स्थिति का मामला तूल पकड़ते हुए इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच तक पहुंच गया, जहां अदालत ने इस पर संज्ञान लेते हुए केंद्र और राज्य सरकार से कड़ा जवाब तलब किया था।

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कंपनी पर लगी पाबंदियां और प्रतिदिन हो रहे नुकसान की भरपाई

NHAI द्वारा लगाई गई इस 3 साल की रोक के चलते, PNC इंफ्राटेक अब सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH), NHAI और इनकी किसी भी अन्य एजेंसी के तहत आने वाले किसी भी नए प्रोजेक्ट या टेंडर में हिस्सा नहीं ले पाएगी।

इसके साथ ही, यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए NHAI ने इस एक्सप्रेसवे पर टोल टैक्स की वसूली को पूरी तरह बंद कर दिया है। जब तक सड़क पूरी तरह ठीक नहीं हो जाती, तब तक किसी भी वाहन से टोल नहीं वसूला जाएगा। इस निलंबन और बिना टोल के संचालन के कारण प्रतिदिन लगभग 42 लाख रुपये का जो नुकसान हो रहा है, उसकी भरपाई भी इसी दोषी कंपनी को करनी होगी।

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कंपनी का पक्ष और आगे के कानूनी विकल्प

दूसरी ओर, निर्माण कंपनी PNC इंफ्राटेक का कहना है कि NHAI के इस आदेश का असर उनके पहले से चल रहे अन्य मौजूदा प्रोजेक्ट्स के निर्माण कार्य और रखरखाव पर नहीं पड़ेगा। कंपनी का यह भी कहना है कि वे NHAI के इस एक्शन और बैन के खिलाफ कानूनी रास्ते तलाश रहे हैं और इस मामले में आगे कानूनी कदम उठा सकते हैं।

Location :  Lucknow

Published :  17 September 2026, 8:52 AM IST