JEE Advanced Result 2025: सोनभद्र के नैतिक जोशी ने IIT में 3207वीं रैंक हासिल कर रचा इतिहास

अनपरा निवासी नैतिक को पहले ही प्रयास में आईआईटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में प्रवेश मिलने से परिवार व जिले में खुशी की लहर है। पढ़ें डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी खबर

Post Published By: सौम्या सिंह
Updated : 2 June 2025, 3:32 PM IST

सोनभद्र: शिक्षा के क्षेत्र में सोनभद्र जिले का नाम एक बार फिर रोशन हुआ है। अनपरा निवासी नैतिक जोशी ने प्रतिष्ठित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) की प्रवेश परीक्षा में 3207वीं रैंक हासिल कर जिले और अपने विद्यालय का मान बढ़ाया है। नैतिक की इस शानदार सफलता पर न सिर्फ उनके परिजन, बल्कि पूरे क्षेत्र में हर्ष की लहर दौड़ गई है।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, नैतिक ने यह सफलता अपने पहले ही प्रयास में हासिल की है, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। उनके पिता ई. शैलेश कुमार, जो ओबरा तापीय परियोजना के राख संचालन खंड प्रथम में सहायक अभियंता के पद पर कार्यरत हैं, बेटे की इस सफलता से गदगद हैं। नैतिक की मां रेखा देवी एक गृहिणी हैं, जिन्होंने बेटे को पढ़ाई के लिए हरसंभव सहयोग दिया।

नैतिक जोशी ने बढ़ाया जिले का मान

परिवार ने नैतिक की पढ़ाई में कोई कसर नहीं छोड़ी। अनुशासन, मेहनत और समर्पण के बल पर नैतिक ने इस कठिन प्रतियोगी परीक्षा में सफलता अर्जित की। उन्होंने इस वर्ष अनपरा तापीय परियोजना परिसर में स्थित सेंट फ्रांसिस स्कूल से 12वीं की परीक्षा उत्तीर्ण की थी।

नैतिक जोशी का IIT में चयन के बाद परिवार में खुशी की लहर

नैतिक की इस सफलता से न केवल उनका परिवार, बल्कि उनका स्कूल भी गर्वित है। स्कूल प्रशासन, शिक्षकों और मित्रों ने नैतिक को शुभकामनाएं दीं और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। स्कूल के प्रधानाचार्य ने बताया कि नैतिक शुरू से ही एक मेधावी छात्र रहा है और उसने कठिन परिश्रम के बल पर यह मुकाम हासिल किया।

नैतिक मूल रूप से जिला मिर्जापुर के घुरहुपट्टी गांव के निवासी हैं, लेकिन वर्तमान में उनका परिवार अनपरा में निवास करता है। नैतिक की सफलता पर गांव में भी खुशी की लहर दौड़ गई है। सुबह से ही उनके घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। रिश्तेदार, पड़ोसी, मित्र और शुभचिंतक फूल-मालाओं और मिठाइयों के साथ नैतिक और उनके माता-पिता को बधाई दे रहे हैं।

इस सफलता को लेकर नैतिक ने कहा-

"मेरे माता-पिता, शिक्षकों और दोस्तों का सहयोग मेरे लिए सबसे बड़ा संबल रहा। मैंने हर दिन खुद को बेहतर बनाने की कोशिश की और इसी का नतीजा है कि मैं आज इस मुकाम पर पहुंचा हूं।"

Location : 
  • Sonbhadra

Published : 
  • 2 June 2025, 3:32 PM IST