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NASA का Dragonfly मिशन 2028 में टाइटन पर लॉन्च होगा। आठ-पंखों वाला ऑक्टोकॉप्टर ड्रोन परमाणु ऊर्जा से संचालित होगा और Selk Crater के आस-पास सतह और वातावरण का अध्ययन करेगा। मिशन का उद्देश्य टाइटन पर जीवन के अनुकूल परिस्थितियों और रासायनिक संरचनाओं का पता लगाना है।
NASA का Dragonfly मिशन (Img source: Google)
New Delhi: अंतरिक्ष अनुसंधान में एक नया ऐतिहासिक कदम उठाते हुए NASA ने Dragonfly मिशन पर काम शुरू कर दिया है। इस महत्वाकांक्षी मिशन के तहत एक विशेष ऑक्टोकॉप्टर ड्रोन तैयार किया जा रहा है, जो शनि ग्रह के सबसे बड़े चंद्रमा टाइटन (Titan) की सतह और वातावरण का अध्ययन करेगा।
Dragonfly को आठ रोटर वाले ड्रोन के रूप में डिजाइन किया गया है। इसका निर्माण टाइटन के घने और कम गुरुत्वाकर्षण वाले वातावरण को ध्यान में रखते हुए किया गया है, ताकि यह वहां आसानी से उड़ान भर सके। टाइटन का वातावरण पृथ्वी की तुलना में लगभग 4 गुना घना है, जिससे ड्रोन की उड़ान में मदद मिलेगी। हालांकि अत्यधिक ठंडा तापमान और पृथ्वी से सिग्नल आने-जाने में लगभग एक घंटे का विलंब, मिशन के लिए चुनौती बने हुए हैं।
Dragonfly को ऊर्जा देने के लिए Multi-Mission Radioisotope Thermoelectric Generator (MMRTG) का इस्तेमाल किया जाएगा। यह रेडियोआइसोटोप से ऊर्जा उत्पन्न करता है और लंबे अंतरिक्ष मिशनों में भरोसेमंद माना जाता है। इसी तकनीक की मदद से ड्रोन टाइटन की सतह पर लंबे समय तक काम कर सकेगा और अलग-अलग जगहों का अध्ययन करेगा।
मिशन की योजना है कि Dragonfly को Selk Crater के पास उतारा जाए। वैज्ञानिकों का मानना है कि इस क्षेत्र में जटिल कार्बनिक पदार्थ मौजूद हो सकते हैं, जो कभी टाइटन पर तरल पानी की मौजूदगी के कारण बने हों। ड्रोन इस क्षेत्र से उड़ान भरकर आस-पास के अन्य इलाकों का अध्ययन करेगा और वहां पाए जाने वाले रासायनिक तत्वों का विश्लेषण करेगा।
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Dragonfly अपने साथ कई वैज्ञानिक उपकरण लेकर जाएगा। इनमें उच्च-गुणवत्ता वाले कैमरे, स्पेक्ट्रोमीटर और विभिन्न प्रकार के सेंसर शामिल होंगे। इन उपकरणों की मदद से वैज्ञानिक टाइटन की सतह और वातावरण में मौजूद कार्बनिक पदार्थों और रासायनिक संरचनाओं का विश्लेषण करेंगे।
इस मिशन का उद्देश्य यह जानना है कि टाइटन पर कभी जीवन के अनुकूल परिस्थितियां मौजूद थीं या नहीं। इसके अलावा, वहां से जुटाए गए डेटा और नमूने भविष्य के अंतरिक्ष अनुसंधान और नए मिशनों के लिए मार्गदर्शक साबित होंगे।
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Dragonfly मिशन को 2028 में Falcon Heavy रॉकेट के जरिए लॉन्च किया जाएगा। इसके बाद लगभग छह साल की यात्रा तय करके यह टाइटन पर पहुंचेगा। अगर यह मिशन सफल रहता है, तो यह पहली बार होगा जब किसी चंद्रमा की सतह पर इतना बड़ा ड्रोन वैज्ञानिक खोज के लिए उड़ान भरेगा।