
महराजगंज: सदर ब्लॉक के तरकुलवां ग्राम सभा में वित्तीय वर्ष 2019-20 में हुए मानरेगा घोटाले की जांच लगभग पूरी हो चुकी है। जांच टीम ने अपनी रिपोर्ट मुख्य विकास अधिकारी को सौंप दिया है।
रिपोर्ट सौपने के बाद तत्कालीन बीडीओ, वन विभाग के एसडीओ, ऑपरेटर, एकाउंटेंट और सदर ब्लॉक में उस समय तैनात एपीओ, एकाउंटेंट, ऑपरेटर और तरकुलवां गाँव के रोजगार सेवक समेत कुल आठ लोगों को जिला प्रशासन ने नोटिस जारी करते हुए 1 हफ्ते के अंदर जवाब मांग लिया है। जिला प्रशासन के इस कार्यवाही से महकमे में हड़कंप मचा हुआ है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार सदर ब्लॉक के तरकुलवां ग्राम सभा में हुए मनरेगा घोटाले में गाँव के पूर्व प्रधान पति समेत 4 लोगो से पूछ-ताछ में पता चला कि ग्राम पंचायत में 2 ही पोखरियाँ है लेकिन जिस पोखरी का काम दिखाकर लाखों का भुगतान हुआ था उस नाम का सौरहा पोखरी धरातल पर है ही नहीं।
डाइनामाइट न्यूज़ ने 13 फरवरी 2023 को “महराजगंज जिले में 38 लाख रुपये के घोटाले में बड़ा खुलासा: मानरेगा कि आईडी से नही हुआ काम, सरकारी धन पर डकैती डालने वाले घोटाले बाजों को बचाने में जुटे अफ़सर” नामक खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। जिसका संज्ञान लेने के बाद तत्कालीन सीडीओ गौरव सिंह सोगरवाल ने त्रिस्तरीय टीम गठित कर जांच का आदेश दिया था। नोटिस जारी होने के बाद मातहतों के हाथ पाँव फूलने लगे हैं। अब देखना यह है कि क्या जिम्मेदारों पर कार्यवाही होगी या अन्य घोटालों की तरह इसको भी ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा।
Published : 21 March 2023, 11:24 AM IST
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