वैभव सूर्यवंशी की तुलना सचिन तेंदुलकर से किए जानें पर क्या बोलें पूर्व भारतीय कप्तान कृष्णमाचारी श्रीकांत, यहां पढ़े

महज 15 साल की उम्र में भारतीय क्रिकेट में पहचान बना चुके वैभव सूर्यवंशी की तुलना सचिन तेंदुलकर से किए जाने पर पूर्व भारतीय कप्तान कृष्णमाचारी श्रीकांत ने आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा कि वैभव बेहद प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं, लेकिन उन्हें जल्दबाजी में नहीं बल्कि धैर्य के साथ तैयार किया जाना चाहिए।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 19 June 2026, 7:58 PM IST

New Delhi: भारतीय क्रिकेट के उभरते सितारे वैभव सूर्यवंशी इन दिनों लगातार चर्चा में हैं। हाल ही में आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए भारतीय T-20 टीम में शामिल किए गए 15 वर्षीय बल्लेबाज को लेकर क्रिकेट जगत में बड़ी उम्मीदें जताई जा रही हैं। इस बीच उनकी तुलना महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर से किए जाने पर पूर्व भारतीय कप्तान कृष्णमाचारी श्रीकांत ने अपनी राय रखी है।

सचिन और वैभव की तुलना ठीक नहीं

समाचार एजेंसी पीटीआई से बातचीत में श्रीकांत ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी असाधारण प्रतिभा के धनी हैं, लेकिन उनकी तुलना सचिन तेंदुलकर से नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सचिन क्रिकेट के इतिहास के सबसे महान बल्लेबाजों में से एक हैं और उनकी उपलब्धियों तक पहुंचना किसी भी खिलाड़ी के लिए आसान नहीं है। श्रीकांत ने मजाकिया अंदाज में कहा, “सचिन क्रिकेट के भगवान हैं और वैभव भगवान के बेटे हैं। दोनों की तुलना करने की जरूरत नहीं है। सचिन को उनकी जगह पर रहने दीजिए।”

सबसे युवा खिलाड़ी बनने का मौका

वैभव सूर्यवंशी पहले ही भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम के लिए चुने जाने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ियों में शामिल हो चुके हैं। यदि उन्हें आयरलैंड या इंग्लैंड दौरे पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण का मौका मिलता है, तो वे सचिन तेंदुलकर का सबसे कम उम्र में भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने का रिकॉर्ड भी तोड़ सकते हैं। इस संभावना ने क्रिकेट प्रशंसकों के बीच उत्साह बढ़ा दिया है। हालांकि क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि युवा खिलाड़ी पर अनावश्यक दबाव नहीं डालना चाहिए।

धैर्य के साथ तैयार करने की जरूरत

श्रीकांत का मानना है कि वैभव को जल्दबाजी में बड़े मंच पर उतारने के बजाय धीरे-धीरे तैयार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस युवा बल्लेबाज में अकेले दम पर मैच का रुख बदलने की क्षमता है, इसलिए उसे लंबा समय और पर्याप्त अवसर मिलने चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी युवा खिलाड़ी के विकास के लिए सही माहौल और धैर्य बेहद जरूरी होता है। अगर वैभव को लगातार समर्थन और मौके मिलते रहे तो वह भविष्य में भारतीय क्रिकेट का बड़ा नाम बन सकते हैं।

टीम के साथ रहकर सीखेंगे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट

पूर्व कप्तान ने भारतीय T-20 टीम में वैभव को शामिल किए जाने का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि फिलहाल युवा बल्लेबाज को टीम के साथ रहकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के माहौल को समझना चाहिए। श्रीकांत के अनुसार टीम में संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा जैसे अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं, इसलिए चयनकर्ताओं को वैभव के मामले में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए। टीम के साथ समय बिताने से उन्हें खेल के उच्च स्तर की बारीकियां सीखने का अवसर मिलेगा।

सभी की नजर डेब्यू पर

कम उम्र में शानदार बल्लेबाजी से प्रभावित करने वाले वैभव सूर्यवंशी को भारतीय क्रिकेट का अगला बड़ा सितारा माना जा रहा है। अब क्रिकेट प्रेमियों की नजर इस बात पर टिकी है कि उन्हें आयरलैंड या इंग्लैंड दौरे पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण का मौका मिलता है या नहीं। यदि मौका मिला तो यह उनके करियर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हो सकता है।

Location :  New Delhi

Published :  19 June 2026, 7:54 PM IST