
शेरगिल और शर्मा के चार-चार गोल से जिंदल पैंथर ने जीती शील्ड (Img: Dynamite News)
Noida: नोएडा के जिंदल पोलो एस्टेट में शनिवार को खेले गए ‘जिंदल पैंथर शील्ड 2026’ के फाइनल में रोमांच, शानदार गोल और कड़े मुकाबले का नजारा देखने को मिला। जिंदल पैंथर ने अरावली को 10-5.5 से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। इस जीत में सिमरन शेरगिल और सिद्धांत शर्मा के आठ गोलों ने अहम भूमिका निभाई। वहीं, टीम के संरक्षक नवीन जिंदल ने भी दो गोल करके जीत में योगदान दिया। टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करने वाले गौरव सहगल को मोस्ट वैल्युएबल प्लेयर (MVP) चुना गया।
जिंदल पैंथर ने फाइनल मुकाबले में शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया। टीम के खिलाड़ियों के बीच बेहतरीन तालमेल और गोल करने की सटीकता ने उसे जीत की ओर बढ़ाया। सिमरन शेरगिल और सिद्धांत शर्मा ने चार-चार गोल किए, जबकि नवीन जिंदल ने दो गोल दागे।
दूसरी ओर, अंगद कलान, नॉडी, जेएम जूरी और दीपू की मौजूदगी वाली अरावली की टीम ने भी मुकाबले में चुनौती पेश की। हालांकि, जिंदल पैंथर के आक्रामक खेल के सामने अरावली की टीम खिताब जीतने में सफल नहीं हो सकी। फाइनल का स्कोर 10-5.5 रहा और जिंदल पैंथर ने शील्ड अपने नाम कर ली।
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टूर्नामेंट में गौरव सहगल के प्रदर्शन को खास तौर पर सराहा गया। उनके शानदार योगदान और बेहतरीन ऑलराउंड खेल के लिए उन्हें मोस्ट वैल्युएबल प्लेयर यानी MVP चुना गया। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने घुड़सवारी कौशल, गति, सटीकता और टीम वर्क का प्रदर्शन किया।
जिंदल पैंथर और अरावली के बीच जोरदार मुकाबला (Img: Dynamite News)
फाइनल तक पहुंचने का सफर आसान नहीं रहा। लीग चरण के अंत में जिंदल पैंथर, अरावली और वल्कन पोलो तीनों टीमों का रिकॉर्ड बराबर था। प्रत्येक टीम ने एक मुकाबला जीता और एक में हार का सामना किया। इस कारण यह तय नहीं हो सका कि फाइनल में कौन-सी दो टीमें आमने-सामने होंगी।
शुक्रवार, 23 अक्टूबर को खेले गए आखिरी लीग मैच में वल्कन पोलो ने जिंदल पैंथर को 7.5-7 से हराया। वल्कन पोलो को शुरुआत में 1.5 गोल का हैंडीकैप लाभ मिला था, जिसने इस करीबी मुकाबले में अहम भूमिका निभाई। तीनों टीमों के समान रिकॉर्ड के कारण फाइनल में पहुंचने वाली टीमों का फैसला पेनल्टी शूटआउट से किया गया।
शनिवार सुबह 10 बजे तीनों टीमें जिंदल पोलो एस्टेट पहुंचीं। शूटआउट के नियम के मुताबिक, हर टीम के एक खिलाड़ी ने 60-यार्ड के निशान से पांच पेनल्टी शॉट लिए। इस प्रक्रिया के बाद जिंदल पैंथर और अरावली ने फाइनल में जगह बनाई, जबकि वल्कन पोलो का सफर समाप्त हो गया। इसके बाद फाइनल में जिंदल पैंथर ने अपने आक्रामक खेल के दम पर अरावली को पीछे छोड़ दिया और खिताब जीत लिया।
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खिताबी जीत के बाद नवीन जिंदल ने इसे टीम के लिए गर्व का क्षण बताया। उन्होंने अपने सभी खिलाड़ियों को शानदार प्रदर्शन के लिए बधाई दी और टूर्नामेंट को रोमांचक बनाने के लिए सभी टीमों की सराहना की।
नवीन जिंदल ने उम्मीद जताई कि 2036 के ओलंपिक खेलों में पोलो की वापसी होगी। उन्होंने कहा कि पोलो साहस, कौशल, अनुशासन और टीम वर्क का मेल है। उनके मुताबिक, ओलंपिक में इस खेल की वापसी से इसे वैश्विक स्तर पर अधिक पहचान मिल सकती है। उन्होंने भारत में पोलो की समृद्ध विरासत का जिक्र करते हुए खेल को बढ़ावा देने और युवाओं को इससे जोड़ने की जरूरत पर भी जोर दिया।
नवीन जिंदल ने खेल प्रेमियों और परिवारों को नोएडा स्थित जिंदल पोलो एस्टेट में आकर मैच देखने और पोलो का रोमांच करीब से अनुभव करने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने लोगों से खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाने और इस खेल को अधिक लोकप्रिय व सुलभ बनाने के प्रयासों में भाग लेने की अपील की।
Location : Noida
Published : 24 October 2026, 9:10 PM IST