UP MLC Election 2026: मेरठ में दरोगा से भिड़े निर्दलीय प्रत्याशी, आगरा-बरेली में प्रशासन पर गंभीर आरोप

उत्तर प्रदेश में 11 MLC सीटों की मतगणना के बीच मेरठ में निर्दलीय प्रत्याशी विक्रांत वशिष्ठ की दरोगा से बहस हो गई। आगरा और बरेली में सपा प्रत्याशियों ने भी चुनाव प्रक्रिया पर आरोप लगाए। बैलेट पेपर से हो रही मतगणना के अंतिम नतीजों का इंतजार है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 27 October 2026, 11:27 AM IST

Lucknow: उत्तर प्रदेश में शिक्षक और स्नातक कोटे की 11 विधान परिषद सीटों के लिए मतगणना के दौरान मेरठ से लेकर आगरा और बरेली तक राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। मेरठ में मतगणना केंद्र पर प्रवेश को लेकर निर्दलीय प्रत्याशी विक्रांत वशिष्ठ की दरोगा से बहस हो गई। वहीं, आगरा में समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रत्याशी आकाश अग्रवाल ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। बरेली में भी सपा प्रत्याशी ने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। इस बीच, बैलेट पेपर से हो रही मतगणना के कारण अंतिम नतीजों के लिए इंतजार करना पड़ सकता है।

मेरठ में निर्दलीय प्रत्याशी और दरोगा के बीच बहस

मेरठ में मतगणना केंद्र पर प्रवेश को लेकर निर्दलीय प्रत्याशी विक्रांत वशिष्ठ और एक दरोगा के बीच विवाद हो गया। जानकारी के मुताबिक, प्रवेश को लेकर हुई कहासुनी के दौरान दोनों के बीच तीखी बहस हुई। इस दौरान विक्रांत वशिष्ठ ने दरोगा से कहा, "तुम्हारी औकात क्या है, जो हमें रोकोगे।"

मामला बढ़ता देख एसपी सिटी ने हस्तक्षेप किया और स्थिति को शांत कराया। मतगणना केंद्र पर हुई इस घटना ने चुनावी माहौल के बीच सबका ध्यान खींचा है।

आगरा में सपा प्रत्याशी ने प्रशासन पर लगाए आरोप

आगरा में सपा प्रत्याशी आकाश अग्रवाल ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान हालात पश्चिम बंगाल से भी खराब रहे और गुंडागर्दी जैसी स्थिति देखने को मिली।

वहीं, बरेली में सपा प्रत्याशी हाजी दानिश अख्तर ने भी चुनाव प्रक्रिया को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव बूथ कैप्चरिंग और सत्ताबल के सहारे लड़ा गया। हालांकि, ये प्रत्याशियों के आरोप हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि के संबंध में कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है।

आगरा में सपा प्रत्याशी ने प्रशासन पर लगाए आरोप (Source:X)

11 MLC सीटों के लिए 152 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला

उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की कुल 11 सीटों के लिए चुनाव हुआ है। इनमें पांच स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। इन सीटों पर कुल 152 प्रत्याशी मैदान में हैं।

मतदान बैलेट पेपर के माध्यम से हुआ था। इसी वजह से मतगणना की प्रक्रिया सामान्य चुनावों की तुलना में अधिक समय ले सकती है। शुरुआती रुझानों और अंतिम नतीजों के बीच अंतर भी संभव है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, मतगणना के रुझान शाम तक सामने आने की उम्मीद है, जबकि नतीजे अगले दिन दोपहर के बाद स्पष्ट हो सकते हैं।

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कैसे होती है MLC चुनाव में बैलेट पेपर की गिनती?

शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव में मतदाता अपनी पसंद के प्रत्याशियों को वरीयता क्रम देते हैं। मतपत्र पर पहली पसंद के लिए प्रत्याशी के नाम के सामने अंक-1 लिखा जाता है। इसके बाद दूसरी और तीसरी पसंद के लिए क्रमशः 2 और 3 अंक दर्ज किए जा सकते हैं।

मतगणना के पहले चरण में पहली पसंद के वोट गिने जाते हैं। निर्धारित जीत का कोटा पूरा करने वाले प्रत्याशी को विजेता घोषित किया जा सकता है। यदि कोई प्रत्याशी जरूरी कोटा हासिल नहीं कर पाता, तो सबसे कम वोट पाने वाले प्रत्याशी को बाहर किया जाता है। उसके मतपत्रों पर दर्ज अगली वैध वरीयता के अनुसार वोट दूसरे प्रत्याशियों को स्थानांतरित किए जाते हैं।

यह प्रक्रिया तब तक जारी रहती है, जब तक कोई प्रत्याशी जीत के लिए जरूरी कोटा हासिल नहीं कर लेता। इसलिए इन चुनावों में अंतिम परिणाम सामने आने में समय लग सकता है। अब सभी की नजर मतगणना के अंतिम नतीजों पर है।

Location :  Meerut

Published :  27 October 2026, 11:27 AM IST