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शव को CM आवास के बाहर शव रखकर किया हंगामा (Image: X)
Manipuri News: मणिपुर में सोमवार को एक बार फिर हिंसा की घटना से तनाव बढ़ गया। इंफाल पूर्व और कांगपोकपी जिलों की सीमा पर जंगल से जलाऊ लकड़ी इकट्ठा करने गए लोगों के एक समूह पर कथित तौर पर उग्रवादियों ने गोलीबारी कर दी। इस हमले में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए। तीन लोगों के लापता होने की भी खबर है। घटना से नाराज स्थानीय लोगों ने राजधानी इंफाल में मुख्यमंत्री आवास के बाहर दो शव रखकर विरोध प्रदर्शन किया।
अधिकारियों के मुताबिक, कुल 16 लोग सोमवार सुबह करीब सात बजे अपने गांव के पास की पहाड़ियों पर जलाऊ लकड़ी इकट्ठा करने गए थे। इसी दौरान उन पर कथित तौर पर हमला किया गया। गोलीबारी में अरुबम रोनिल (35) और लैरेनलाकपम इनाओबी (51) की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, क्षेत्रिमायुम सुशील (32) ने निजी अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। घटना में घायल एन सूरज (19), मेइसनाम सोमेंद्रो (53) और के बोसन (45) का इलाज चल रहा है। अधिकारियों ने बताया कि तीन अन्य लोग लापता हैं। हमले के पीछे किसका हाथ है और लापता लोगों का क्या हुआ, इसकी जानकारी अभी स्पष्ट नहीं है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया।
हमले में लोगों की मौत के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। प्रदर्शनकारी शवों को लेकर इंफाल पहुंचे और मुख्यमंत्री आवास के मुख्य द्वार के बाहर दो शव रख दिए। प्रदर्शनकारियों ने मई 2023 से राज्य में जारी हिंसा के खिलाफ नाराजगी जताई और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए। घटना के बाद मुख्यमंत्री वाई खेमचंद सिंह निजी अस्पताल पहुंचे और वहां भर्ती घायलों से मुलाकात की। हालांकि, उन्होंने मीडिया के सवालों का जवाब नहीं दिया। यह स्पष्ट नहीं हो सका कि विरोध प्रदर्शन के दौरान मुख्यमंत्री आवास पर मौजूद थे या नहीं।
मुख्यमंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन कर रहे लोगों को हटाने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के कई गोले छोड़े। इसके बाद शवों को जवाहरलाल नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (JNIMS) ले जाया गया। घटना के मद्देनजर मुख्यमंत्री आवास और वहां तक पहुंचने वाले रास्तों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। प्रदर्शन का असर राजधानी के दूसरे हिस्सों में भी देखने को मिला। प्रदर्शनकारियों ने खुराई लमलॉन्ग में सड़क जाम कर दी, जबकि इंफाल के एमा केइथेल बाजार में महिलाओं के एक समूह ने विरोध प्रदर्शन किया। घटना के बाद इंफाल में बाजार और दुकानें बंद रहीं।
मणिपुर में मई 2023 से जातीय हिंसा और उससे जुड़े तनाव का दौर जारी है। ताजा गोलीबारी की घटना ने एक बार फिर सुरक्षा और आम लोगों की जान-माल की रक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन के सामने हमले के लिए जिम्मेदार लोगों का पता लगाने, लापता लोगों की तलाश करने और इलाके में शांति बनाए रखने की चुनौती है। घटना की जांच और आगे की कार्रवाई को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
Location : Manipur
Published : 19 October 2026, 6:00 PM IST