भारत पर आने वाला बड़ा संकट? कोरोना काल की तरह PM Modi ने कहा- Work from Home करें, एक साल तक Gold मत खरीदना

भारत के प्रधानमंत्री चाहते हैं कि देश के लोग अब वर्क फ्रॉम होम पर ज्यादा ध्यान दें। इसके आलावा डीजल और पेट्रोल का इस्तेमाल भी कम करना होगा। अब सवाल खड़ा होता है कि आखिर क्या देश पर कोई बड़ा संकट आने वाला है? क्योंकि कोरोना काल में पीएम मोदी ने जनता से सबसे पहले घर से काम करना (वर्क फ्रॉम होम) की बात बोली थी।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 11 May 2026, 12:51 AM IST

New Delhi: प्रधानमंत्री Narendra Modi ने रविवार को देशवासियों से बदलते हालात के बीच एक बड़ी अपील की है। हैदराबाद में भाजपा की एक रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के कई हिस्सों में युद्ध जैसी स्थिति बनी हुई है। जिसका असर पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमतों पर साफ दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि भारत पर इस संकट का असर ज्यादा है, क्योंकि देश के पास बड़े तेल भंडार नहीं हैं।

मेट्रो का इस्तेमाल ज्यादा करें

प्रधानमंत्री ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि अब समय आ गया है, जब हर नागरिक को अपनी जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव करने होंगे। उन्होंने कहा कि जिन शहरों में मेट्रो सेवा उपलब्ध है, वहां लोगों को निजी वाहनों की बजाय मेट्रो का अधिक इस्तेमाल करना चाहिए।

“एक साल तक सोना न खरीदें”

पीएम मोदी ने लोगों से एक साल तक सोना नहीं खरीदने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि भारत में सोने के आयात पर भारी मात्रा में विदेशी मुद्रा खर्च होती है। अगर लोग कुछ समय के लिए सोना खरीदना कम कर दें तो इससे देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और विदेशी मुद्रा की बचत होगी।

उन्होंने पुराने समय का जिक्र करते हुए कहा कि जब देश पर संकट आता था, तब लोग अपना सोना दान कर देते थे। आज दान की जरूरत नहीं है, लेकिन देशहित में लोगों को यह संकल्प लेना चाहिए कि अगले एक साल तक किसी भी कार्यक्रम या अवसर पर सोना खरीदने से बचेंगे।

पेट्रोल-डीजल बचाने और कारपूलिंग पर जोर

प्रधानमंत्री ने कहा कि लोगों को अनावश्यक वाहन उपयोग कम करना चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि जहां संभव हो, लोग वर्क फ्रॉम होम का विकल्प अपनाएं। इसके अलावा ऑफिस जाने वाले लोग कारपूलिंग करें, जिससे ईंधन की खपत कम हो सके। पीएम मोदी ने कहा कि युद्ध और वैश्विक संकट के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं। इसका सीधा असर भारत जैसे देशों पर पड़ता है, जो बड़े पैमाने पर तेल आयात करते हैं।

प्राकृतिक खेती और खाद्य तेल बचाने की अपील

प्रधानमंत्री ने रासायनिक उर्वरकों की जगह प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की बात कही। उन्होंने कहा कि देश को रासायनिक खाद की खपत आधी करने का लक्ष्य तय करना चाहिए। साथ ही लोगों से खाने के तेल का इस्तेमाल भी थोड़ा कम करने की अपील की ताकि आयात पर निर्भरता घट सके और विदेशी मुद्रा की बचत हो। उन्होंने यह भी कहा कि फिलहाल विदेश यात्राओं को टालना देशहित में होगा, क्योंकि महंगे ईंधन और वैश्विक परिस्थितियों के कारण भारत पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है।

भारतीय घरों में दुनिया के बड़े बैंकों से ज्यादा सोना

रिपोर्ट्स के अनुसार भारतीय घरों और मंदिरों में करीब 50 हजार टन सोना मौजूद है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 10 ट्रिलियन डॉलर यानी लगभग 830 लाख करोड़ रुपये बताई जाती है। व्यापारिक संगठन The Associated Chambers of Commerce and Industry of India की रिपोर्ट के मुताबिक, यह दुनिया के शीर्ष 10 सेंट्रल बैंकों के कुल स्वर्ण भंडार से भी ज्यादा है।

Location :  New Delhi

Published :  11 May 2026, 12:49 AM IST