
गिरफ्त में आरोपी महिला
Sonauli Border: भारत-नेपाल सीमा पर स्थित सोनौली बॉर्डर एक बार फिर मानव तस्करी के मामले को लेकर सुर्खियों में है। मंगलवार को देर शाम सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक महिला को एक नाबालिग लड़की को नेपाल ले जाने के प्रयास में गिरफ्तार किया गया। इस घटना ने सीमा क्षेत्र में मानव तस्करी के बढ़ते खतरे को फिर से उजागर किया है।
सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार महिला ने नाबालिग लड़की को नौकरी का झांसा देकर नेपाल ले जाने की योजना बनाई थी। संदेह होने पर सीमा पर तैनात सुरक्षा एजेंसियों ने महिला और लड़की से गहन पूछताछ की, जिसके बाद तस्करी की साजिश का खुलासा हुआ। पूछताछ में पता चला कि महिला एक बड़े तस्करी नेटवर्क का हिस्सा हो सकती है, जो नेपाल और भारत के बीच सक्रिय है। लड़की को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया और उसे बाल कल्याण समिति को सौंप दिया गया, जबकि आरोपी महिला को हिरासत में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
सोनौली बॉर्डर पर मानव तस्करी की यह कोई पहली घटना नहीं है। हाल के महीनों में इस क्षेत्र से कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां नाबालिगों और युवतियों को नौकरी या शादी का लालच देकर सीमा पार ले जाया जा रहा था। मई 2025 में, 19 नेपाली नाबालिग बच्चों को कर्नाटक के बौद्ध मठों में पढ़ाई के नाम पर ले जाने की कोशिश नाकाम की गई थी। इसी तरह, जून में आजमगढ़ के तीन युवकों को नाबालिग लड़कियों के साथ पकड़ा गया था।
स्थानीय सामाजिक संगठनों ने इस घटना पर चिंता जताते हुए प्रशासन से कठोर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि सीमा पर निगरानी बढ़ाने और तस्करी नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए और सख्त कदम उठाए जाने चाहिए। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच में अन्य संदिग्धों की तलाश की जा रही है और तस्करी के इस रैकेट के पीछे बड़े गिरोह की संलिप्तता की आशंका है।
यह घटना न केवल मानव तस्करी के खतरे को उजागर करती है, बल्कि सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा और जागरूकता की आवश्यकता पर भी जोर देती है।
क्या कहते हैं एसएसबी अधिकारी
एसएसबी अधिकारियों का कहना है कि नेपाल सीमा से जुड़े इलाकों में मानव तस्करी की घटनाएं चिंता का विषय बनी हुई हैं। खासकर नाबालिग लड़कियों को झांसे में लेकर भारत लाया जाता है, और बाद में उन्हें अवैध गतिविधियों में धकेल दिया जाता है।
गत वर्ष भी सोनौली बॉर्डर पर एसएसबी की सतर्कता से कई लड़कियों को मानव तस्करी से बचाया गया था। एसएसबी की मुस्तैदी और सजगता के चलते इस बार भी एक मासूम जीवन बर्बाद होने से बच गया।
लोगों से अपील
स्थानीय लोगों से एसएसबी ने कहा कि सीमा सुरक्षा बल की मुस्तैदी ही ऐसी घटनाओं को रोक सकती है। किसी भी तरह के झांसे में न आएं और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें। जिस से ऐसे लोगों के विरुद्ध कार्यवाही किया जाए और लगाम लग सके।
Location : Maharajganj
Published : 30 July 2025, 2:08 PM IST
Topics : Border Border Police gang human trafficking Indo Nepal minor SSB