UP Paper Leak: परीक्षा केंद्रों में ही था पेपर लीक गैंग का खेल? STF के खुलासे से मचा हड़कंप, 5 राज्यों तक नेटवर्क

UP में ऑनलाइन प्रतियोगी परीक्षाओं में हाईटेक नकल कराने वाले गिरोह की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। STF के मुताबिक नेटवर्क से जुड़े आरोपियों की परीक्षा केंद्रों तक पहुंच और कथित हिस्सेदारी की जांच की जा रही है। लोकेश से 92 मॉडिफाइड TFT स्क्रीन बरामद हुई हैं और नेटवर्क पांच राज्यों तक फैला है।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 21 August 2026, 11:43 AM IST

Lucknow: उत्तर प्रदेश में ऑनलाइन प्रतियोगी परीक्षाओं में हाईटेक तरीके से नकल कराने वाले गिरोह की जांच में STF को कई अहम सुराग मिले हैं। जांच में सामने आया है कि नेटवर्क केवल अभ्यर्थियों को नकल कराने तक सीमित नहीं था, बल्कि इससे जुड़े लोगों की परीक्षा केंद्रों तक भी पहुंच होने की आशंका है। STF अब इस एंगल से भी जांच आगे बढ़ा रही है।

92 मॉडिफाइड TFT स्क्रीन बरामद

31 जुलाई को नोएडा STF ने लोकेश नाम के आरोपी को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में उसके कथित नेटवर्क और परीक्षा केंद्रों से जुड़े लोगों के बारे में जानकारी सामने आई। आरोपी के कब्जे से 92 मॉडिफाइड TFT स्क्रीन बरामद की गईं।

STF के मुताबिक लोकेश वर्ष 2017 से इलेक्ट्रॉनिक उपकरण तैयार कर अलग-अलग राज्यों में सक्रिय नकल गिरोहों को सप्लाई कर रहा था। जांच में अब तक उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और महाराष्ट्र में नेटवर्क के सक्रिय होने की जानकारी सामने आई है।

परीक्षा केंद्रों की तकनीकी जानकारी जुटाने का आरोप

पूछताछ में यह भी सामने आया कि गिरोह से जुड़े लोगों के पास परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था, कंप्यूटर सिस्टम और निगरानी तंत्र से जुड़ी जानकारी थी। STF यह पता लगाने में जुटी है कि यह जानकारी उन्हें कैसे मिलती थी और क्या केंद्रों में तैनात कर्मचारियों या तकनीकी स्टाफ से किसी तरह का संपर्क था।

STF उन परीक्षा केंद्रों की भी पड़ताल कर रही है, जहां पहले नकल या संदिग्ध गतिविधियों की शिकायत सामने आई थी।

SSC ऑनलाइन परीक्षा से खुला मामला

नॉलेज पार्क स्थित परीक्षा केंद्र में 22 मई 2026 को SSC ऑनलाइन परीक्षा के दौरान हाईटेक नकल कराने के मामले का खुलासा हुआ था। आरोप है कि प्रॉक्सी सर्वर और सर्वर हैकिंग के जरिए नकल कराने की कोशिश की जा रही थी।

मामले में पहले सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद इंद्रजीत उर्फ योगी से पूछताछ के दौरान अलवर निवासी लोकेश का नाम सामने आया।

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कई भर्ती परीक्षाएं STF के रडार पर

STF अब यह जांच कर रही है कि 2017 से अब तक लोकेश ने कितने गिरोहों को इलेक्ट्रॉनिक उपकरण सप्लाई किए। दिल्ली पुलिस भर्ती परीक्षा समेत अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में इन उपकरणों के इस्तेमाल की भी पड़ताल की जा रही है।

जांच एजेंसी सप्लाई की तारीखों और अलग-अलग राज्यों में आयोजित ऑनलाइन परीक्षाओं का मिलान कर रही है। इससे यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि किन परीक्षाओं में नेटवर्क ने सेंध लगाने की कोशिश की।

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पांच राज्यों में फैले नेटवर्क की जांच

STF के सामने अब कई बड़े सवाल हैं। 92 स्क्रीन के अलावा कितने उपकरण सप्लाई किए गए? पांच राज्यों में सक्रिय गिरोहों तक ये उपकरण कैसे पहुंचे? क्या परीक्षा केंद्रों के अंदर भी नेटवर्क से जुड़े लोग मौजूद थे? कितनी परीक्षाएं इस नेटवर्क के निशाने पर थीं?

STF एसपी राजकुमार मिश्र के मुताबिक, नेटवर्क की जांच लगातार जारी है। जांच में जिसकी भी भूमिका सामने आएगी, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

 

Location :  Lucknow

Published :  21 August 2026, 11:43 AM IST