Sultanpur News: दफ्तर में ठुमके और कुर्सी छोड़ने का अल्टीमेटम! परियोजना निदेशक के सशर्त इस्तीफे ने उड़ाई शासन की नींद

सुलतानपुर के ग्राम्य विकास अभिकरण (डीआरडीए) में कर्मचारियों के तबादले और कार्यभार को लेकर चल रहा विवाद अब गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है। परियोजना निदेशक अशोक कुमार सिंह ने अपने पद से सशर्त इस्तीफा दे दिया है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 10 September 2026, 6:36 PM IST

Sultanpur: उत्तर प्रदेश के सुलतानपुर के ग्राम्य विकास अभिकरण (डीआरडीए) में कर्मचारियों के तबादले और कार्यभार को लेकर चल रहा विवाद अब गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है। परियोजना निदेशक अशोक कुमार सिंह ने अपने पद से सशर्त इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने शासन और प्रशासन के अधिकारियों को पत्र भेजकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। इसी बीच कार्यालय में नृत्य करते हुए उनका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

दो कर्मचारियों के तबादले को लेकर विवाद

मामला डीआरडीए में तैनात लिपिक मनोज श्रीवास्तव और लेखाकार अमित कुमार श्रीवास्तव से जुड़ा बताया जा रहा है। दोनों कर्मचारियों के स्थानांतरण और कार्यभार को लेकर पिछले करीब 15 दिनों से विभाग में विवाद की स्थिति बनी हुई थी।

परियोजना निदेशक अशोक कुमार सिंह ने अपने इस्तीफा पत्र में दोनों कर्मचारियों की कार्यप्रणाली और लंबे समय से एक ही पटल पर तैनाती को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि दोनों कर्मचारी पांच वर्ष से अधिक समय से एक ही पटल पर काम कर रहे हैं।

ये भी पढ़ें: Sultanpur Janmashtami 2026: आधी रात होते ही गूंजेगा ‘नंद के आनंद भयो’, स्कूल से पुलिस लाइन तक कृष्णमय हुआ सुल्तानपुर

शासन के निर्देशों का हवाला

परियोजना निदेशक ने अपने पत्र में शासन के निर्देशों का भी उल्लेख किया है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से एक ही पटल पर तैनात कर्मचारियों को हटाने के संबंध में कई बार अधिकारियों को जानकारी दी गई। आरोप है कि इस मामले में अपेक्षित कार्रवाई नहीं हो सकी। परियोजना निदेशक ने अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में उनके लिए विभागीय जिम्मेदारियों का निष्पक्ष और प्रभावी तरीके से निर्वहन करना मुश्किल हो गया है।

उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह को सशर्त इस्तीफा भेजा है। इसकी प्रतियां मुख्य सचिव, आयुक्त ग्राम्य विकास, मंडलायुक्त अयोध्या, मुख्य विकास अधिकारी समेत अन्य संबंधित अधिकारियों को भी भेजी गई हैं।

72 लाख रुपये वाले खाते का मामला

इस्तीफा पत्र में परियोजना निदेशक ने एक पुराने बैंक खाते का मुद्दा भी उठाया है। यह खाता वर्ष 2014 में बंद हो चुकी इंदिरा आवास योजना से संबंधित बताया गया है। पत्र के मुताबिक इस खाते में करीब 72 लाख रुपये की धनराशि अब भी मौजूद है। परियोजना निदेशक ने इतने वर्षों से सरकारी योजना की राशि खाते में पड़े रहने को गंभीर वित्तीय और प्रशासनिक मामला बताया है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण की जांच कराने की मांग की है।

इसके अलावा उन्होंने कुछ फाइलों और सरकारी अभिलेखों में कथित अनियमितताओं का भी जिक्र किया है। उनका आरोप है कि संबंधित कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर प्रभावी नियंत्रण नहीं रह गया है।

सरकारी कार्यालय में नृत्य का वीडियो वायरल

इसी बीच परियोजना निदेशक अशोक कुमार सिंह का सरकारी कार्यालय में नृत्य करते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में वह कार्यालय परिसर में नृत्य करते दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, यह वीडियो कब का है और किस परिस्थिति में बनाया गया था, इसकी स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हो सकी है। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इसे लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

ये भी पढ़ें: Sultanpur News: डीआरडीए में लंबे समय से जमे दो बाबुओं पर कार्रवाई, कार्यमुक्त किए गए मनोज और अमित श्रीवास्तव

निष्पक्ष जांच की मांग

परियोजना निदेशक ने अपने सशर्त इस्तीफे के साथ पूरे मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि वर्तमान परिस्थितियों में विभागीय कार्यों को प्रभावी ढंग से संचालित करना कठिन हो रहा है। फिलहाल मामला अधिकारियों के संज्ञान में पहुंच चुका है। अब जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कर्मचारियों पर लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है और 72 लाख रुपये वाले खाते से जुड़े मामले में क्या स्थिति सामने आती है।

Location :  Sultanpur

Published :  10 September 2026, 6:36 PM IST