आईवीआरआई में पांचवें दिन भी छात्रों का धरना, आखिर लिखित आश्वासन पर क्यों अड़े हैं विद्यार्थी?

बरेली के आईवीआरआई में इंटर्नशिप स्टाइपेंड बढ़ाने समेत अन्य मांगों को लेकर बीवीएससी एवं एएच के विद्यार्थियों का धरना पांचवें दिन भी जारी है। अधिकारियों के साथ बैठक के बावजूद छात्र लिखित आश्वासन की मांग पर अड़े हैं। बदलते मौसम में कुछ विद्यार्थियों की तबीयत खराब होने की बात भी सामने आई है। जानिए, क्या है पूरा मामला और अब छात्रों की निगाहें किस फैसले पर टिकी हैं।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 9 October 2026, 4:08 PM IST

Bareilly: बरेली के भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) में इंटर्नशिप स्टाइपेंड बढ़ाने समेत अपनी मांगों को लेकर विद्यार्थियों का धरना पांचवें दिन भी जारी है। अधिकारियों के साथ बैठक और बातचीत के बावजूद आंदोलन खत्म होने के आसार नहीं दिख रहे हैं। छात्रों का कहना है कि जब तक सक्षम अधिकारी उनकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं देते, तब तक वे धरना स्थल से नहीं हटेंगे। बदलते मौसम के बीच कुछ विद्यार्थियों की तबीयत भी खराब होने की बात सामने आई है, लेकिन इसके बावजूद छात्र अपनी मांगों पर डटे हुए हैं।

पांचवें दिन भी जारी रहा छात्रों का आंदोलन

बरेली स्थित भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान में बीवीएससी एवं एएच के विद्यार्थियों का शांतिपूर्ण प्रदर्शन शुक्रवार को पांचवें दिन भी जारी रहा। इंटर्नशिप स्टाइपेंड बढ़ाने समेत संबंधित मांगों को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब लिखित आश्वासन की मांग पर टिक गया है। विद्यार्थियों का कहना है कि अधिकारियों के साथ बातचीत जरूर हुई है, लेकिन केवल चर्चा के आधार पर धरना समाप्त करना उनके लिए संभव नहीं है।

अधिकारियों के साथ बैठक के बाद भी नहीं बनी बात

विद्यार्थियों के मुताबिक, आठ अक्टूबर को संस्थान के अधिकारियों ने सुबह बैठक बुलाई थी। इस बैठक में छात्रों की मांगों पर चर्चा हुई और समाधान निकालने की बात कही गई। बैठक में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के उप महानिदेशक (कृषि शिक्षा) डॉ. यशपाल मलिक भी मौजूद रहे। उन्होंने विद्यार्थियों से धरना समाप्त करने की अपील की। हालांकि, छात्रों का कहना है कि बैठक में उनकी मांगों को लेकर लिखित पुष्टि नहीं मिली। इसी वजह से धरना खत्म करने पर सहमति नहीं बन सकी। विद्यार्थियों के लिए अब सबसे अहम सवाल यही है कि उनकी मांगों पर आधिकारिक रूप से क्या निर्णय लिया जाता है और उस निर्णय की लिखित जानकारी कब तक मिलती है।

बरेली में करोड़ों के खेल का पर्दाफाश, 66 करोड़ के चेक बाउंस होते ही धड़ाम हुआ समझौता, अब प्रशासन ने उठाया यह कड़ा कदम

धरना स्थल पर पहुंचे अधिकारी

प्रदर्शन के दौरान आईवीआरआई के सहायक स्नातक समन्वयक डॉ. सागर चंद भी धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने विद्यार्थियों के साथ बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और उनसे बातचीत की। इस दौरान छात्रों ने अपनी मांगों को लेकर पक्ष रखा और बताया कि वे लिखित आश्वासन मिलने तक आंदोलन जारी रखने के अपने फैसले पर कायम हैं। अधिकारियों की ओर से छात्रों से संवाद किए जाने के बावजूद धरना समाप्त नहीं हुआ। विद्यार्थियों का कहना है कि उनकी मांगों को लेकर ठोस और लिखित जवाब मिलना जरूरी है। इसी आधार पर आगे का फैसला लिया जाएगा।

बदलते मौसम में बिगड़ रही छात्रों की तबीयत

लगातार पांच दिनों से धरने पर बैठे विद्यार्थियों के सामने अब स्वास्थ्य संबंधी परेशानी भी आने लगी है। छात्रों के मुताबिक, बदलते मौसम के कारण कुछ विद्यार्थी बीमार पड़ गए हैं। लगातार धरना स्थल पर मौजूद रहने के बीच उनकी सेहत को लेकर भी चिंता बनी हुई है। इसके बावजूद प्रदर्शनकारी अपनी मांगों से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं। विद्यार्थियों का कहना है कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण है और वे किसी तरह का टकराव नहीं चाहते। वे चाहते हैं कि उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए और मांगों के संबंध में स्पष्ट निर्णय लिया जाए।

स्कूल से घर लौट रहे 6 साल के मासूम पर कुत्ते का रोंगटे खड़े कर देने वाला हमला! बरेली निजी अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा बालक

'हम होंगे कामयाब' गीत गाकर दिखाई एकजुटता

धरना स्थल पर विद्यार्थियों ने अपनी एकजुटता दिखाने के लिए सामूहिक रूप से प्रेरणादायक गीत भी गाए। इस दौरान 'हम होंगे कामयाब' जैसे गीतों के जरिए छात्रों ने आंदोलन जारी रखने का संदेश दिया। विद्यार्थियों ने गीतों के माध्यम से एक-दूसरे का हौसला बढ़ाया और अपनी मांगों के समर्थन में एकजुट रहने की बात दोहराई। धरने के पांचवें दिन भी छात्रों की मौजूदगी और उनका रुख यही संकेत देता है कि वे अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने के मूड में नहीं हैं।

अब लिखित आश्वासन पर टिकी निगाहें

आईवीआरआई में जारी इस धरने में फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि विद्यार्थियों की मांगों पर सक्षम अधिकारी कब तक लिखित जवाब देते हैं। आठ अक्टूबर की बैठक और अधिकारियों से बातचीत के बाद भी छात्र आंदोलन समाप्त करने पर सहमत नहीं हुए हैं। विद्यार्थियों ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक उनकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं मिलता, तब तक धरना जारी रहेगा। वहीं, कुछ छात्रों की तबीयत खराब होने की बात के बीच आंदोलन का पांचवें दिन तक जारी रहना भी चर्चा में है।

Location :  Bareilly

Published :  9 October 2026, 4:08 PM IST