एक से कम मत देना और डीएम-सीडीओ तक हिस्सेदारी! कासगंज में BDO का रिश्वत वाला वीडियो वायरल

कासगंज में वायरल वीडियो ने प्रशासनिक महकमे में हलचल मचा दी है। पटियाली BDO को जिला मुख्यालय से अटैच कर दिया गया है। अब दो सदस्यीय जांच कमेटी की रिपोर्ट से क्या खुलासा होगा?

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 22 October 2026, 7:29 PM IST

Kasganj: उत्तर प्रदेश के कासगंज जिले में पटियाली ब्लॉक के खंड विकास अधिकारी (BDO) संजीव कुमार से जुड़े कथित रिश्वतखोरी के वायरल वीडियो के बाद जिला प्रशासन ने कार्रवाई की है। जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने संजीव कुमार को जिला मुख्यालय से अटैच कर दिया है। वहीं, जिला विकास अधिकारी सुभाष चंद्र को पटियाली बीडीओ का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। मामले की निष्पक्ष जांच के लिए दो सदस्यीय कमेटी गठित की गई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

वायरल वीडियो से प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंप

पटियाली ब्लॉक में करीब दो वर्षों से तैनात बीडीओ संजीव कुमार से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया। वीडियो में कथित तौर पर रिश्वत और अवैध लेन-देन से जुड़ी बातचीत सुनाई देने का दावा किया जा रहा है। इसमें कथित तौर पर रकम का हिस्सा मुख्य विकास अधिकारी (CDO), जिलाधिकारी (DM) समेत अन्य अधिकारियों तक पहुंचाने की बात भी सामने आने का दावा किया गया है। वीडियो के कुछ हिस्सों में रकम देने और उसका हिसाब रखने से जुड़ी बातें सुनाई देने की चर्चा है। कथित बातचीत में 'एक दे जाना, एक से कम मत देना, नोट कर लेना' और 'नेतागिरी करवाना मत' जैसे शब्दों का भी उल्लेख किया जा रहा है। हालांकि, वीडियो में कही गई बातों और लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।

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BDO को जिला मुख्यालय से किया गया अटैच

वायरल वीडियो मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने बीडीओ संजीव कुमार को जिला मुख्यालय से अटैच करने का निर्णय लिया है। इस कदम के साथ ही पटियाली ब्लॉक में प्रशासनिक कामकाज प्रभावित न हो, इसके लिए जिला विकास अधिकारी सुभाष चंद्र को अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है। प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद अब जांच कमेटी की रिपोर्ट पर नजर रहेगी। हालांकि, जिला मुख्यालय से अटैच किया जाना अपने आप में आरोपों की पुष्टि या दोष सिद्ध होने का प्रमाण नहीं है।

दो सदस्यीय जांच कमेटी करेगी पड़ताल

मुख्य विकास अधिकारी वीरेंद्र सिंह के अनुसार, जिलाधिकारी ने पूरे मामले की जांच के लिए दो सदस्यीय कमेटी गठित की है। इसमें अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) मंजूर अहमद और अतिरिक्त उप जिलाधिकारी सुनील कुमार को शामिल किया गया है। कमेटी वायरल वीडियो की पड़ताल करने के साथ उसमें लगाए गए आरोपों की जांच करेगी। जांच के दौरान वीडियो की प्रामाणिकता, कथित बातचीत के संदर्भ और अन्य संबंधित तथ्यों की जांच महत्वपूर्ण होगी। कमेटी को अपनी रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत करनी है।

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जांच रिपोर्ट के बाद होगी आगे की कार्रवाई

सीडीओ वीरेंद्र सिंह ने स्पष्ट किया है कि जांच कमेटी की रिपोर्ट मिलने के बाद उसके निष्कर्षों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में अनियमितता या अन्य आरोप प्रमाणित होते हैं, तो नियमानुसार कदम उठाए जा सकते हैं। फिलहाल, वायरल वीडियो में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। ऐसे में जांच रिपोर्ट इस पूरे प्रकरण में अहम भूमिका निभाएगी। अब देखना होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और प्रशासन आगे क्या कदम उठाता है।

Location :  Kasganj

Published :  22 October 2026, 7:29 PM IST