सास की चिता सजाकर नदी में नहाने उतरा दामाद, मगरमच्छ सिर जबड़े में दबोचकर गहरे पानी में खींच ले गया

उत्तर प्रदेश के गोंडा में सरयू नदी किनारे सास के अंतिम संस्कार में आए ग्रेटर नोएडा के दीपक शर्मा (30) को मगरमच्छ ने अपना शिकार बना लिया। चिता सजाने के बाद नदी में नहाते समय मगरमच्छ उन्हें जबड़े में दबोचकर गहरे पानी में ले गया। तलाश के लिए लखनऊ से SDRF की टीम बुलाई गई है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 21 May 2026, 12:15 PM IST

Gonda:  उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले से एक ऐसा दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। यहाँ सरयू नदी के घाट पर एक परिवार अपनी बुजुर्ग महिला के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहा था, लेकिन पलक झपकते ही नदी से निकले एक मगरमच्छ ने वहां मौजूद दामाद को अपना शिकार बना लिया और गहरे पानी में खींच ले गया। इस खौफनाक हादसे के बाद से पूरे इलाके और पीड़ित परिवार में कोहराम मच गया है। आइए जानते हैं इस दुखद घटना का पूरा विवरण

सास के अंतिम संस्कार में शामिल होने आया था दीपक

प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्रेटर नोएडा का रहने वाला 30 वर्षीय दीपक शर्मा अपनी सास उर्मिला देवी के निधन की खबर सुनकर गोंडा जिले के उमरी गांव आया था। बुधवार दोपहर को दीपक अपने अन्य रिश्तेदारों के साथ सास के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए सनौली मोहम्मदपुर उदयभान पाही के पास सरयू नदी के किनारे पहुंचा था। किसी को इस बात का अंदाजा नहीं था कि जो दीपक यहाँ अंतिम विदाई देने आया है, वह खुद एक खौफनाक हादसे का शिकार हो जाएगा।

चिता सजाने के बाद नहाने उतरा, तभी हुआ हमला

घाट पर पहुंचने के बाद दीपक अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुट गया था। वह नदी के किनारे चिता सजाने के लिए खूंटा गाड़ रहा था और गड्ढा खोद रहा था। खुदाई का काम पूरा करने के बाद उसके शरीर पर मिट्टी और धूल लग गई थी। इसे साफ करने के लिए दीपक जैसे ही नदी के किनारे पानी में उतरा और केवल एक डुबकी लगाई, तभी पानी के भीतर घात लगाए बैठे एक विशालकाय मगरमच्छ ने अचानक उस पर हमला कर दिया। मगरमच्छ ने पलक झपकते ही दीपक का सिर अपने मजबूत जबड़े में दबोचा और तेजी से गहरे पानी के अंदर ओझल हो गया।

प्रत्यक्षदर्शियों ने दी थी चेतावनी, चीख-पुकार के बीच हुआ अंतिम संस्कार

इस खौफनाक मंजर को देखकर नदी किनारे मौजूद लोगों में चीख-पुकार मच गई। घटना के प्रत्यक्षदर्शी राजेश शुक्ला ने बताया कि दीपक दामाद था, इसलिए वहां मौजूद सभी लोगों ने उसे काम करने और पानी में जाने से मना किया था, लेकिन वह नहीं माना।

दीपक के पानी में विलीन होने के बाद स्थानीय ग्रामीणों और नाविकों ने तुरंत नदी में उसकी काफी खोजबीन की, लेकिन गहरे पानी और मगरमच्छ के खौफ के बीच उसका कुछ पता नहीं चल सका। इस भारी दुख और अफरा-तफरी के बीच ही मृतका उर्मिला देवी का अंतिम संस्कार किया गया, जिनकी चिता को उनके मासूम बेटे राज ने मुखाग्नि दी। एक तरफ मां की चिता जल रही थी, तो दूसरी तरफ दामाद की तलाश की जा रही थी।

Greater Noida में दीपक नागर की हत्या पर तनाव: आक्रोशित भीड़ ने बंद किया रास्ता, एनकाउंटर की मांग

लखनऊ से बुलाई गई SDRF की टीम

हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन, राजस्व विभाग की टीम और उपजिलाधिकारी (एसडीएम) तुरंत मौके पर पहुंचे। स्थानीय टीमों ने नाव के जरिए नदी में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया, लेकिन देर शाम तक दीपक का कोई सुराग नहीं मिल सका। रात के अंधेरे के कारण अभियान को अस्थाई रूप से रोकना पड़ा।

जिला आपदा विशेषज्ञ राजेश श्रीवास्तव और उमरी बेगमगंज के थाना अध्यक्ष चंदन कुमार ने बताया कि नदी में रेस्क्यू ऑपरेशन को बड़े स्तर पर चलाने के लिए लखनऊ से राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की विशेष टीम को बुलाया गया है। फिलहाल, पीड़ित परिवार नदी के किनारे ही इकट्ठा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

Location :  Gonda

Published :  21 May 2026, 12:15 PM IST