
गोरखपुर: जनपद के शहीद अशफाकउल्ला खान प्राणी उद्यान से राहतभरी खबर सामने आई है। जहां बर्ड फ्लू के खतरे के कारण महीनों से बंद यह चिड़ियाघर पर्यटकों के लिए फिर से खुलने की तैयारी में है। गर्मी की छुट्टियों में बच्चों के साथ वन्यजीवों को देखने की इच्छा रखने वाले पर्यटकों में इस खबर से खुशी की लहर दौड़ गई है। दरअसल, बर्ड फ्लू की आशंका के चलते चिड़ियाघर को ऐहतियातन बंद किया गया था, जिससे हजारों पर्यटक निराश होकर लौट रहे थे। अब भोपाल के राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशुरोग संस्थान (एनआईएचएसएडी) की रिपोर्ट ने राहत दी है। संस्थान ने बाघिन मैलानी, दो तेंदुआ शावकों और हिमालयन गिद्ध सहित 35 वन्यजीवों के नमूनों की जांच की, जो सभी निगेटिव पाए गए हैं।
चिड़ियाघर प्रशासन ने केंद्र से अनुमति लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। निदेशक और डीएफओ विकास यादव ने बताया कि मई और जून में भेजे गए 83 सैंपल की दो बार निगेटिव रिपोर्ट आने से चिड़ियाघर को खोलने का रास्ता साफ हो गया है। चिड़ियाघर के खुलने से हजारों सैलानी वन्यजीवों की झलक पाने पहुंचेंगे और यह प्राणी उद्यान फिर से गुलजार होगा।
गोरखपुर: जनपद के शहीद अशफाकउल्ला खान प्राणी उद्यान से राहतभरी खबर सामने आई है। जहां बर्ड फ्लू के खतरे के कारण महीनों से बंद यह चिड़ियाघर पर्यटकों के लिए फिर से खुलने की तैयारी में है। गर्मी की छुट्टियों में बच्चों के साथ वन्यजीवों को देखने की इच्छा रखने वाले पर्यटकों में इस खबर से खुशी की लहर दौड़ गई है। दरअसल, बर्ड फ्लू की आशंका के चलते चिड़ियाघर को ऐहतियातन बंद किया गया था, जिससे हजारों पर्यटक निराश होकर लौट रहे थे। अब भोपाल के राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशुरोग संस्थान (एनआईएचएसएडी) की रिपोर्ट ने राहत दी है। संस्थान ने बाघिन मैलानी, दो तेंदुआ शावकों और हिमालयन गिद्ध सहित 35 वन्यजीवों के नमूनों की जांच की, जो सभी निगेटिव पाए गए हैं।
चिड़ियाघर प्रशासन ने केंद्र से अनुमति लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। निदेशक और डीएफओ विकास यादव ने बताया कि मई और जून में भेजे गए 83 सैंपल की दो बार निगेटिव रिपोर्ट आने से चिड़ियाघर को खोलने का रास्ता साफ हो गया है। चिड़ियाघर के खुलने से हजारों सैलानी वन्यजीवों की झलक पाने पहुंचेंगे और यह प्राणी उद्यान फिर से गुलजार होगा।
Location : Gorakhpur
Published : 23 June 2025, 5:02 PM IST