गोरखपुर: गिरधरगंज में डीआईजी ने किया फ्लैग मार्च, जाम और अव्यवस्था पर अधिकारियों पर बरसे

शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर शनिवार की शाम गोरखपुर रेंज के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) एस. चन्नप्पा खुद सड़क पर उतर आए। गिरधरगंज (कूड़ाघाट) क्षेत्र में करीब तीन किलोमीटर तक पैदल गश्त कर उन्होंने सुरक्षा, यातायात और व्यवस्थाओं का जमीनी स्तर पर निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ एसपी सिटी अभिनव त्यागी, सीओ कैंट योगेंद्र सिंह व एम्स चौकी प्रभारी संजय मिश्रा भी मौजूद रहे।

Post Published By: Jay Chauhan
Updated : 16 November 2025, 5:00 AM IST

Gorakhpur: शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर शनिवार की शाम गोरखपुर रेंज के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) एस. चन्नप्पा खुद सड़क पर उतर आए। गिरधरगंज (कूड़ाघाट) क्षेत्र में करीब तीन किलोमीटर तक पैदल गश्त कर उन्होंने सुरक्षा, यातायात और व्यवस्थाओं का जमीनी स्तर पर निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ एसपी सिटी अभिनव त्यागी, सीओ कैंट योगेंद्र सिंह व एम्स चौकी प्रभारी संजय मिश्रा भी मौजूद रहे।

पुलिसकर्मियों को लगाई फटकार

पैदल गश्त के दौरान डीआईजी ने कई स्थानों पर सड़क किनारे दुकानों, अवैध पार्किंग और यातायात बाधाओं को देखा। सबसे अधिक नाराजगी गिरधरगंज सब्जी मंडी के बाहर अतिक्रमण और सड़क किनारे अनियंत्रित वाहन खड़े होने पर जताई। इस दौरान उन्होंने मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों को फटकार लगाते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए और व्यवस्था सुधारने के लिए कड़े निर्देश जारी किए।

जाम से मुक्त हो रोड

उन्होंने निर्देशित किया कि सब्जी मंडी के आसपास एक भी दुकान सड़क पर नहीं लगेगी और सभी वाहनों को कम से कम एक मीटर अंदर खड़ा कराया जाए, ताकि सड़क पर चलने वाले लोगों, एम्बुलेंस और वाहनों को परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि “पुलिस की पहली जिम्मेदारी यह सुनिश्चित करना है कि चौराहा और मुख्य मार्ग किसी भी परिस्थिति में जाम से प्रभावित न हों। यदि जाम की स्थिति दिखाई देती है, तो संबंधित अधिकारी और बीट के सिपाही जिम्मेदार माने जाएंगे और उनके खिलाफ कार्रवाई तय है।”

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डीआईजी ने यह भी कहा कि ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार केवल पुलिस की नहीं बल्कि जनता की भी जिम्मेदारी है, लेकिन पुलिस को पहले अपनी कार्यप्रणाली में 100% प्रतिबद्धता दिखानी होगी। उन्होंने मौके पर ही कई स्थानों पर पुलिसकर्मियों को यातायात की दिशा तय करने, वाहन चालकों को जागरूक करने और अतिक्रमण पर लगातार कार्रवाई जारी रखने के आदेश दिए।

स्थानीय लोगों ने डीआईजी की यह पहल सराहनीय बताते हुए कहा कि यदि इसी तरह उच्च अधिकारियों की निगरानी और कठोर कार्रवाई जारी रही तो गिरधरगंज ही नहीं बल्कि पूरे शहर की यातायात व्यवस्था सुधरेगी। लोगों ने उम्मीद जताई कि इस निरीक्षण के बाद शहर में चल रही ट्रैफिक की पुरानी समस्याओं से जल्द राहत मिलेगी और पुलिस की कार्यशैली पर सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा।

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डीआईजी की यह सक्रियता संदेश देती है कि जाम से जूझते शहर को अब नयी दिशा और नई गति देने की तैयारी शुरू हो चुकी है।

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  • Gorakhpur

Published : 
  • 16 November 2025, 5:00 AM IST