
वकीलों का हंगामा (Img : pinterest)
Prayagraj : जिला कचहरी के बाहर बुधवार को अधिवक्ताओं ने फर्जी मुकदमे के विरोध में सड़क जाम कर टायरों में आग लगा दी। जार्जटाउन थाने की पुलिस पर पक्षपातपूर्ण कार्रवाई का आरोप लगाते हुए वकीलों ने एसएचओ के निलंबन और मुकदमे से गंभीर धाराएं हटाने की मांग की। पुलिस ने जांच और उचित कार्रवाई का भरोसा देकर प्रदर्शन समाप्त कराया।
सुबह जिला कचहरी के बाहर उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया। जब अधिवक्ताओं के एक समूह ने पुलिस की कार्रवाई के विरोध में सड़क पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। गुस्साए वकीलों ने सड़क पर टायर जलाकर जाम लगा दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। घटना की सूचना मिलते ही कर्नलगंज थाने समेत आसपास के थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। काफी देर तक समझाने-बुझाने के बाद जाम खुलवाया गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान कचहरी परिसर और आसपास के इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
फर्जी मुकदमा दर्ज करने का आरोप
प्रदर्शन कर रहे अधिवक्ताओं का आरोप है कि जार्जटाउन थाने की पुलिस ने उनके साथी अधिवक्ता ओम मिश्रा और अन्य वकीलों के खिलाफ बिना आधार के फर्जी मुकदमा दर्ज कर दिया। उनका कहना है कि पुलिस ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच किए बिना एकतरफा कार्रवाई की, जिससे अधिवक्ताओं में भारी नाराजगी है। इसी के विरोध में बुधवार सुबह करीब 11:30 बजे सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया गया।
दो दिन पुराने विवाद से जुड़ा है मामला
अधिवक्ताओं के मुताबिक, पूरा विवाद जार्जटाउन स्थित एक मकान से जुड़ा है। उनका आरोप है कि उस मकान में चल रहे एक रेस्टोरेंट संचालक ने लंबे समय से किराया नहीं दिया और पानी का बिल भी बकाया है। इतना ही नहीं, वकीलों का दावा है कि रेस्टोरेंट की आड़ में अवैध गतिविधियां भी संचालित की जा रही थीं। जिसकी शिकायत कई बार स्थानीय पुलिस से की गई। कोई कार्रवाई नहीं हुई।
बताया गया कि दो दिन पहले मकान मालिक ने अपने मकान पर ताला लगा दिया था। इसी दौरान रेस्टोरेंट संचालक और उसके कर्मचारियों के साथ विवाद हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले गई। जहां रेस्टोरेंट संचालक ने लिखित में दो दिन के भीतर बकाया किराया चुकाने की बात कही। इसके बाद मकान मालिक लौट गए। अधिवक्ताओं का आरोप है कि बाद में पुलिस ने उल्टा उन्हीं और उनके साथ मौजूद वकीलों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दिया।
एसएचओ के निलंबन समेत कई मांगें उठाईं
प्रदर्शन के दौरान अधिवक्ताओं ने अपने साथियों पर दर्ज मुकदमे से गंभीर धाराएं हटाने, रेस्टोरेंट संचालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और जार्जटाउन थाना प्रभारी को तत्काल निलंबित करने की मांग की। पुलिस के पहुंचते ही प्रदर्शनकारी वकीलों ने जमकर नारेबाजी की और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
पुलिस ने जांच का दिया भरोसा
मौके पर पहुंचे डीसीपी सिटी मनीष कुमार शांडिल्य ने प्रदर्शनकारी अधिवक्ताओं से बातचीत कर उनकी शिकायतें सुनीं। पुलिस अधिकारियों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद अधिवक्ताओं ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया और सड़क से जाम हटाया गया। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और पूरे विवाद की सभी पहलुओं से पड़ताल की जा रही है।
Location : Prayagraj
Published : 15 July 2026, 5:32 PM IST