Corona Impact: इस राज्य में लॉकडाउन के दौरान हादसों में आई कमी, कम हुए क्राइम केस

गुजरात में लॉकडाउन के कारण सड़क हादसों में सामान्य दिनों की तुलना में 71 प्रतिशत तक की कमी आई है।

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 29 April 2020, 12:26 PM IST

अहमदाबाद: गुजरात में लॉकडाउन के कारण सड़क हादसों में सामान्य दिनों की तुलना में 71 प्रतिशत तक की कमी आई है।  जीवीके इमरजेंसी मेनेजमेंट एंड रिसर्च इंस्ट्टियूट (ईएमआरआई) के अध्ययन में बताया गया है कि सामान्य वक्त में रोज दुर्घटनाओं के करीब 398 मामले होते थे, जो लॉकडाउन के दौरान गिर कर 115 हो गए हैं। 

ईएमआरआई राज्य में निशुल्क 108 एंबुलेंस का संचालन करती है।

सामान्य दिनों और लॉकडाउन अवधि के दौरान विभिन्न आपात स्थितियों के लिए प्राप्त कॉलों का तुलनात्मक विश्लेषण करने से पता चला कि दुर्घटनाओं में 71 प्रतिशत तक की गिरावट आई है। इसकी मुख्य वजह यह है कि सड़कों पर गाड़ियों की संख्या कम है। इसने बताया कि सड़क हादसों के अलावा होने वाली घटनाएं सामान्य दिनों में 281 से बढ़कर बंद के दौरान 400 हो गई हैं, जो दिखाता है कि अधिक लोग शारीरिक या यौन उत्पीड़न का शिकार हुए हैं, या गिर गए और खुद को चोटिल किया।

जीवीके ईएमआरआई के प्रवक्ता अशोक सोनी ने बताया, " यह हैरान करने वाला है और दिखाता है कि लॉकडाउन के बावजूद अधिक लोग सड़कों पर आए हैं। " 

एजेंसी ने कहा कि तेज बुखार की वजह से एंबुलेंस बुलाने वालों की संख्या लॉकडाउन के दौरान दोगुनी हो गई है। इसका मुख्य कारण कोरोना वायरस संबंधी चिंताएं हैं।  इसने कहा कि 108 एंबुलेंस सेवा को लॉकडाउन अवधि के दौरान विभिन्न आपात मामलों के लिए रोजाना लगभग 3,854 कॉल प्राप्त हुईं, जबकि आम दिनों में 3,073 कॉल आतीं थी। इसमें 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। 

ईएमआरआई ने बताया कि कोरोना वायरस के संदिग्ध मरीजों के लिए समर्पित एंबुलेंस तैनात की गई हैं जिनमें मेडिकल तकनीशियन और चालक हैं। उन्हें प्रशिक्षित किया गया है और सुरक्षा के लिए उपकरण दिए गए है।  इसने बताया कि आपात स्थिति के दो मेडिकल तकनीशियनों को कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई है। हालांकि दोनों बाद में ठीक हो गए।(भाषा)

Published : 
  • 29 April 2020, 12:26 PM IST