
कोलकाता भगदड़ के बाद अलर्ट
कोलकाता: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बुधवार को कोलकाता के बाबूघाट पहुंचकर दुर्गा पूजा प्रतिमा विसर्जन की तैयारियों का जायजा लिया। शहर के चोरबागन दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ के दौरान 19 लोगों की मौत के बाद प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। विजयादशमी पर विसर्जन प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए अतिरिक्त निगरानी और सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के साथ कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय कुमार नंद और कोलकाता नगर आयुक्त स्मिता पांडे भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बाबूघाट पर विसर्जन की तैयारियों की समीक्षा की और भीड़ को नियंत्रित करने सहित सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े उपायों पर चर्चा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार अतिरिक्त सावधानियां बरती गई हैं और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है। उन्होंने बताया कि सुरक्षा इंतजामों में राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) को भी शामिल किया गया है। विसर्जन प्रक्रिया पूरी होने के बाद साफ-सफाई का काम कराया जाएगा।
इस बीच, मुख्यमंत्री ने कहा कि मूर्तियों को केवल सनातन धर्म का पालन करने वाले लोगों को ही छूना चाहिए।
महाष्टमी की शाम चोरबागन दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ मचने से 19 लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना के बाद प्रशासन ने प्रतिमा विसर्जन के दौरान भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया है।
एक अधिकारी के मुताबिक, कोलकाता और आसपास के तीन पुलिस कमिश्नरेट—हावड़ा, बैरकपुर और चंदननगर—में विसर्जन प्रक्रिया की निगरानी के लिए कुल 18 आईपीएस अधिकारियों को तैनात किया गया है। इनमें से 12 अधिकारी कोलकाता में और छह अधिकारी अन्य तीन कमिश्नरेट में जिम्मेदारी संभालेंगे।
ये अधिकारी 21 से 24 अक्टूबर तक निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विसर्जन की निगरानी करेंगे। इसके लिए अलग-अलग ड्यूटी शेड्यूल तैयार किया गया है।
कोलकाता में गौरव शर्मा, सोमा दास मित्रा, राशिद मुनीर खान, आकाश मघारिया, सुरेश कुमार चदिवे और धृतिमान सरकार 21 और 23 अक्टूबर को विसर्जन प्रक्रिया की निगरानी करेंगे। वहीं, प्रवीण कुमार त्रिपाठी, इमरान वहाब, शिश राम झाझरिया, सौम्या रॉय, पारिजात विश्वास और सिद्धार्थ धपोला 22 और 24 अक्टूबर को ड्यूटी पर रहेंगे।
हावड़ा में इंद्र चक्रवर्ती 21 और 23 अक्टूबर को, जबकि अवुरू रवींद्रनाथ 22 और 24 अक्टूबर को विसर्जन की निगरानी करेंगे। बैरकपुर में पलाश चंद्र ढाली और द्युतिमान भट्टाचार्य को तैनात किया गया है। चंदननगर में अभिजीत बनर्जी और संदीप मंडल यह जिम्मेदारी संभालेंगे।
भगदड़ में हुई मौतों के बाद प्रशासन के सामने प्रतिमा विसर्जन के दौरान भीड़ को नियंत्रित रखने और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती है। अतिरिक्त अधिकारियों की तैनाती और NDRF की मौजूदगी के जरिए विसर्जन प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से पूरा कराने की तैयारी की गई है।
Location : Kolkata
Published : 21 October 2026, 2:19 PM IST
Topics : Babughat security Kolkata Durga idol immersion NDRF deployment Shubhendu Adhikari West Bengal News