पाकिस्तान ने सोमवार को अफगानिस्तान पर बड़े पैमाने की सैन्य कार्रवाई की, जिसमें काबुल में पांच धमाके हुए। पाकिस्तानी वायुसेना ने पुल-ए-चरखी इलाके के नशामुक्ति अस्पताल और कुछ सरकारी इमारतों को भी निशाना बनाया। तालिबानी प्रवक्ता ने बताया कि इसमें कई नागरिक शहीद और घायल हुए हैं।

पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर किया हमला (Img: Google)
New Delhi: अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष के बीच अब पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। सोमवार को पाकिस्तान ने एक बार फिर अफगानिस्तान पर बड़े पैमाने की सैन्य कार्रवाई की। जिसकी जानकारी तालिबानी प्रवक्ता ने दी। अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में पाकिस्तानी वायुसेना ने बड़े हमले किए। जिसमें शहर में पांच धमाकों की खबर है।
सूत्रों के अनुसार, पाकिस्तान की सेना ने काबुल के पुल-ए-चरखी इलाके में स्थित नशामुक्ति अस्पताल को भी निशाना बनाया। इसके अलावा अफगानिस्तान की कुछ महत्वपूर्ण सरकारी इमारतें भी बमबारी में शामिल रहीं। तालिबानी प्रवक्ता जबिहुल्लाह मुजाहिद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि इस हमले में बड़ी संख्या में नागरिक शहीद और घायल हुए हैं। जिनमें अधिकांश अस्पताल में इलाज करा रहे नशाखोर थे। उन्होंने कहा कि हम पाकिस्तान की इस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हैं और इसे मानवता के खिलाफ अपराध मानते हैं।
अमेरिका-इजरायल के हमलों के बीच भी डटा ईरान, जानें कैसे अली जाफरी मोजेक डिफेंस सिस्टम बना अचूक
इससे पहले 15 मार्च को भी पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के दक्षिणी हिस्सों में सैन्य ठिकानों और सुविधाओं पर हमला किया था। न्यूज एजेंसी AFP के अनुसार, पाकिस्तानी सेना ने कंधार में अफगान तकनीकी सपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और इक्विपमेंट स्टोरेज को निशाना बनाया था। स्थानीय लोग रात में सेना के विमानों को उड़ते हुए देख रहे थे और धमाकों की आवाजें सुनाई दी थीं।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जारी संघर्ष के बीच चीन ने दोनों देशों से टकराव को रोकने और बातचीत के जरिए समाधान खोजने का आह्वान किया है। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने कहा कि बीजिंग के मध्यस्थता प्रयासों के तहत उन्हें उम्मीद है कि दोनों पक्ष संयम बरतेंगे जल्द ही संघर्ष विराम तक पहुंचेंगे और संवाद के माध्यम से अपने मतभेदों का समाधान करेंगे।