AI Industry: Anthropi CEO की पत्नी और Jeffrey Epstein के कनेक्शन पर उठे सवाल, जानें पूरा मामला

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कंपनी एंथ्रोपिक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) डारियो अमोदेई की पत्नी और रणनीतिक सलाहकार केमी क्लार्क एक बार फिर चर्चा में हैं। वर्ष 2011-12 के दौरान उन्होंने दिवंगत फाइनेंसर जेफरी एपस्टीन से अपनी कंपनी में निवेश कराने की कोशिश की थी।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 16 August 2026, 12:37 PM IST

New Delhi: वर्ष 2011 में केमी क्लार्क की मुलाकात जेफरी एपस्टीन से लेखक और साहित्यिक एजेंट जॉन ब्रॉकमैन के माध्यम से हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच ईमेल के जरिए बातचीत हुई, जिसमें क्लार्क ने अपने बिजनेस आइडिया और निवेश की जरूरत का जिक्र किया।

कंपनी में निवेश का किया था अनुरोध

बताया गया है कि मुलाकात के अगले दिन क्लार्क ने ईमेल भेजकर अपनी कंपनी के लिए आवश्यक निवेश राशि की जानकारी साझा की। बाद में उन्होंने अपनी कंपनी की शुरुआती फिल्मों की स्क्रिप्ट और उनका खाका भी एपस्टीन को भेजा। उनका उद्देश्य अपनी परियोजना के लिए निवेशकों की रुचि हासिल करना था।

यह भी पढ़ें: Tech News: 40 रुपये का ऑर्डर, 1200 रुपये का खाना! सोशल मीडिया पर वायरल हुआ Zomato जुगाड़

एपस्टीन ने निवेश से किया इनकार

रिपोर्ट के मुताबिक, वर्ष 2012 में क्लार्क ने एक बार फिर एपस्टीन से पूछा कि क्या वह उनकी कंपनी में निवेश करना चाहेंगे। जवाब में एपस्टीन ने कहा कि वह इस तरह के टीवी या मनोरंजन कंटेंट में निवेश नहीं कर सकते। उपलब्ध दस्तावेजों में ऐसा कोई सबूत नहीं मिला है कि उन्होंने क्लार्क की कंपनी को आर्थिक सहायता दी हो।

सलाहकार की भूमिका को लेकर चर्चा

केमी क्लार्क आधिकारिक तौर पर एंथ्रोपिक की कर्मचारी नहीं हैं, लेकिन उन्हें डारियो अमोदेई की करीबी सलाहकार और रणनीतिक सहयोगी माना जाता है। विभिन्न सार्वजनिक कार्यक्रमों और निवेशकों की बैठकों में भी वह अक्सर उनके साथ दिखाई देती रही हैं। इसी वजह से कंपनी में उनकी भूमिका और प्रभाव को लेकर भी चर्चा हो रही है।

AI जगत में सक्रिय मौजूदगी

रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि केमी क्लार्क कई अंतरराष्ट्रीय तकनीकी आयोजनों में डारियो अमोदेई के साथ शामिल होती रही हैं। हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित एआई सम्मेलन में भी वह उनके साथ मौजूद थीं। इससे पहले भी वह कई वैश्विक मंचों पर निवेशकों और उद्योग जगत के लोगों से बातचीत करती रही हैं।

यह भी पढ़ें: Tech News: WhatsApp का बड़ा फैसला, 13 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए आया नया फीचर… जानिए फायदे और खतरे

क्या है पूरा मामला?

यह मामला वर्ष 2011-12 के पुराने ईमेल पर आधारित है, जो हालिया रिपोर्ट में सामने आए हैं। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, एपस्टीन द्वारा क्लार्क की कंपनी में निवेश किए जाने का कोई प्रमाण नहीं मिला है। मामला पुराने व्यावसायिक संपर्कों और ईमेल संवाद से जुड़ा है, जिस पर अब नई चर्चा शुरू हो गई है।

Location :  New Delhi

Published :  16 August 2026, 12:37 PM IST