लंदन से शिकागो जा रही ब्रिटिश एयरवेज की फ्लाइट अचानक हजारों फीट नीचे आई, जारी हुआ इमरजेंसी कोड

लंदन से शिकागो जा रही ब्रिटिश एयरवेज की एक फ्लाइट को लेकर उस समय चिंता बढ़ गई, जब विमान की ऊंचाई में अचानक बड़ा बदलाव दर्ज किया गया। फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा में विमान के तेजी से नीचे आने की जानकारी सामने आई।

Post Published By: Komal Chauhan
Updated : 5 October 2026, 9:03 PM IST

New Delhi: लंदन से शिकागो जा रही ब्रिटिश एयरवेज की एक फ्लाइट को लेकर उस समय चिंता बढ़ गई, जब विमान की ऊंचाई में अचानक बड़ा बदलाव दर्ज किया गया। फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा में विमान के तेजी से नीचे आने की जानकारी सामने आई। इसके बाद पायलट ने इमरजेंसी स्क्वॉक कोड 7700 जारी किया।

आयरलैंड के ऊपर बदली विमान की ऊंचाई

ब्रिटिश एयरवेज की फ्लाइट BA295 सोमवार को लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट से अमेरिका के शिकागो ओ'हारे एयरपोर्ट के लिए रवाना हुई थी। यह बोइंग 777 विमान था और अपने तय रूट से आयरलैंड के ऊपर से गुजर रहा था। इसी दौरान विमान की ऊंचाई में अचानक बदलाव दर्ज किया गया। फ्लाइट ट्रैकिंग से जुड़े आंकड़ों के मुताबिक विमान करीब 37 हजार फीट की ऊंचाई से नीचे आया। कुछ रिपोर्टों में विमान के लगभग 9 हजार फीट तक नीचे आने की बात कही गई है। हालांकि, विमान की ऊंचाई में इस बदलाव की सटीक वजह क्या थी, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने आना अभी बाकी है।

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पायलट ने जारी किया 7700 स्क्वॉक कोड

ऊंचाई में बदलाव के बाद विमान के पायलट की ओर से 7700 स्क्वॉक कोड जारी किया गया। विमानन क्षेत्र में इस कोड का इस्तेमाल सामान्य तौर पर किसी आपात स्थिति की जानकारी एयर ट्रैफिक कंट्रोल को देने के लिए किया जाता है। यह कोड अपने आप में किसी एक खास समस्या की जानकारी नहीं देता। इसका मतलब होता है कि विमान में किसी तरह की आपात स्थिति है और क्रू को एयर ट्रैफिक कंट्रोल से प्राथमिकता या आवश्यक सहायता की जरूरत हो सकती है। इस तरह का कोड जारी होने के बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल विमान पर विशेष नजर रखता है और जरूरत के मुताबिक पायलट को सहायता उपलब्ध कराता है।

फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा से सामने आया बदलाव

विमान की ऊंचाई में हुए बदलाव की जानकारी फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा के जरिए सामने आई। सामान्य तौर पर लंबी दूरी की उड़ानों में विमान काफी ऊंचाई पर उड़ते हैं। ऐसे में ऊंचाई में अचानक बड़ा बदलाव होने पर विमानन विशेषज्ञ और फ्लाइट ट्रैकिंग पर नजर रखने वाले लोग इसकी वजह जानने की कोशिश करते हैं। हालांकि, केवल ट्रैकिंग डेटा के आधार पर यह तय नहीं किया जा सकता कि विमान में तकनीकी समस्या थी या किसी अन्य वजह से ऊंचाई बदली गई।

कुछ दिन पहले दुबई की फ्लाइट भी चर्चा में थी

यह घटना ऐसे समय सामने आई जब कुछ दिन पहले एक अन्य फ्लाइट की घटना ने भी काफी ध्यान खींचा था। 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 ने भी आपात स्थिति से जुड़े स्क्वॉक कोड के बाद अपना रूट बदला था। रिपोर्टों के अनुसार, विमान को सऊदी अरब के ताबुक स्थित प्रिंस सुल्तान बिन अब्दुलअजीज एयरपोर्ट की ओर मोड़ा गया था। फ्लाइट में 174 यात्री सवार थे, जिनमें बच्चे भी शामिल थे।

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फ्लाईदुबई मामले में पायलट पर हमले का आरोप

FZ1073 की घटना में विमान के कॉकपिट के अंदर एक यात्री द्वारा कैप्टन पर हमला करने और विमान के नियंत्रण में दखल देने की कोशिश के आरोप सामने आए थे। रिपोर्टों के मुताबिक, घटना के बाद विमान को सुरक्षित रूप से ताबुक की ओर मोड़ दिया गया। हालांकि, ब्रिटिश एयरवेज की BA295 और फ्लाईदुबई की FZ1073 की घटनाएं अलग-अलग हैं। दोनों मामलों को जोड़कर देखने से पहले संबंधित एयरलाइनों और जांच एजेंसियों की आधिकारिक जानकारी का इंतजार करना जरूरी है।

BA295 मामले में आधिकारिक जानकारी का इंतजार

फिलहाल BA295 की ऊंचाई में अचानक बदलाव और 7700 कोड जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। विमान के सुरक्षित संचालन और घटना की वास्तविक वजह को लेकर एयरलाइन या संबंधित विमानन अधिकारियों की विस्तृत जानकारी सामने आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी।

Location :  New Delhi

Published :  5 October 2026, 9:03 PM IST