
केरल में Hepatitis-A का प्रकोप (फोटो सोर्स-इंटरनेट)
तिरुवनन्तपुरम: कोविड-19 की मार झेलने के बाद अब केरल एक और वायरल संक्रमण की चपेट में आ गया है। राज्य के इडुक्की जिले के अवोली और मुवत्तुपुझा क्षेत्रों में Hepatitis-A के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। सोमवार तक कुल 51 संक्रमितों की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें से 21 मामले केवल अवोली क्षेत्र से सामने आए हैं। प्राथमिक जांच में यह संदेह जताया जा रहा है कि एक प्री-वेडिंग फंक्शन में परोसे गए भोजन से संक्रमण फैला। हालांकि, अभी जांच जारी है और स्पष्ट कारणों की पुष्टि नहीं हुई है।
Hepatitis-A एक वायरल संक्रमण है जो लीवर को प्रभावित करता है और HAV (Hepatitis A Virus) नामक वायरस के कारण होता है। यह बीमारी मुख्य रूप से दूषित खाना या पानी के सेवन से फैलती है और 'फीकल-ओरल रूट' यानी मल के जरिए वायरस के शरीर में प्रवेश करने से होता है। आमतौर पर यह बीमारी गंभीर नहीं होती, लेकिन कुछ मामलों में यह लीवर फेलियर का कारण बन सकती है, विशेषकर अगर मरीज की उम्र अधिक हो या पहले से कोई लीवर संबंधी बीमारी हो।
Hepatitis-A से केरल स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
Hepatitis-A संक्रमण के लक्षण आमतौर पर वायरस के शरीर में प्रवेश के 2 से 6 हफ्ते बाद दिखते हैं। इसके प्रमुख लक्षण हैं-
थकान और कमजोरी- शरीर में अत्यधिक थकान और ऊर्जा की कमी महसूस होना।
पीलिया (Jaundice)- त्वचा और आंखों का पीला पड़ना, और पेशाब का रंग गहरा होना।
बुखार और ठंड लगना- हल्का से मध्यम बुखार, कभी-कभी ठंड के साथ।
भूख न लगना- खाने की इच्छा में कमी।
मतली और उल्टी- पेट खराब रहना, मिचली आना या उल्टी होना।
पेट दर्द- खासकर पेट के ऊपरी दाईं ओर।
जोड़ों में दर्द- शरीर में अकड़न या हल्का दर्द महसूस होना।
ये लक्षण कुछ हफ्तों से लेकर दो महीनों तक बने रह सकते हैं।
Hepatitis-A संक्रमण के लक्षण में थकान होना (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
Hepatitis-A फैलने के पीछे सबसे आम कारण हैं
Hepatitis-A से बचाव संभव है, बशर्ते सही सावधानियां बरती जाएं
वैक्सीनेशन: बच्चों और वयस्कों को Hepatitis-A का टीका लगवाना चाहिए। यह संक्रमण से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है।
साफ पानी का सेवन: उबला या फिल्टर किया हुआ पानी ही पिएं।
स्वच्छ खाना: ताजा और अच्छी तरह पका हुआ भोजन खाएं। कच्चे फल-सब्जियां धोकर ही खाएं।
व्यक्तिगत स्वच्छता: टॉयलेट के बाद और खाने से पहले हाथ धोना जरूरी है। संक्रमित व्यक्ति के सामान का उपयोग न करें।
राज्य की स्वास्थ्य विभाग ने संभावित प्रकोप को देखते हुए सभी जरूरी कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। संक्रमित क्षेत्रों में जागरूकता अभियान, स्वच्छता जांच और टीकाकरण की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
Hepatitis-A एक रोके जा सकने वाला वायरस है, लेकिन इसके लिए साफ-सफाई, सतर्कता और समय पर टीकाकरण बेहद जरूरी है। केरल की वर्तमान स्थिति यह बताती है कि सार्वजनिक स्वास्थ्य से जुड़ी आदतें सुधारना अब और भी जरूरी हो गया है।
Location : New Delhi
Published : 11 June 2025, 9:56 AM IST