शारदीय नवरात्र का शुभारंभ; मां विंध्यवासिनी के दर्शन को उमड़े श्रद्धालु, 222 CCTV और 4 ड्रोन से निगरानी

शारदीय नवरात्र के पहले दिन विंध्याचल धाम में मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। सुरक्षा में 2526 पुलिसकर्मी तैनात हैं और 222 CCTV कैमरों व चार ड्रोन से निगरानी की जा रही है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 11 October 2026, 11:41 AM IST

मिर्जापुर: शारदीय नवरात्र के शुभारंभ के साथ ही उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध विंध्याचल धाम में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मां विंध्यवासिनी के दर्शन-पूजन के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु पहुंचे। रविवार तड़के मंगला आरती के साथ ही मंदिर में दर्शन के लिए भक्तों की कतारें लगनी शुरू हो गईं। श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान और पूजा-अर्चना के बाद मां के दरबार में मत्था टेका।

नवरात्र के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना की गई। मंदिर परिसर में श्रद्धालु कतारबद्ध होकर दर्शन करते नजर आए। मेले में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।

2526 पुलिसकर्मियों के जिम्मे सुरक्षा व्यवस्था

विंध्याचल धाम में नवरात्र मेले के दौरान सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए कुल 2526 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। पूरे मेला क्षेत्र को 10 जोन और 21 सेक्टर में विभाजित किया गया है। इसके अलावा 363 ड्यूटी प्वाइंट बनाए गए हैं, जहां पुलिसकर्मी श्रद्धालुओं की आवाजाही और सुरक्षा पर नजर रखेंगे।

मेला क्षेत्र में किसी भी तरह की अव्यवस्था रोकने और आपात स्थिति से निपटने के लिए पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

222 CCTV कैमरों और चार ड्रोन से निगरानी

श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मंदिर परिसर और मेला क्षेत्र में तकनीक की भी मदद ली जा रही है। प्रशासन ने निगरानी के लिए 222 सीसीटीवी कैमरे और चार ड्रोन लगाए हैं।

इसके साथ ही एटीएस, क्यूआरटी, स्वाट, पीएसी, एसडीआरएफ और आरआरएफ की टीमें भी सुरक्षा व्यवस्था में तैनात रहेंगी। इन टीमों को किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई करने और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।

पांच प्रवेश द्वारों से दर्शन की व्यवस्था

श्रद्धालुओं को सुगमता से दर्शन कराने के लिए मंदिर क्षेत्र में पांच प्रवेश द्वार निर्धारित किए गए हैं। प्रशासन की व्यवस्था के मुताबिक, गेट नंबर एक से वीआईपी दर्शन, गेट नंबर दो से न्यू वीआईपी मार्ग और गेट नंबर तीन से झांकी दर्शन की सुविधा निर्धारित की गई है। वहीं, गेट नंबर चार और पांच से गंगा घाट की ओर जाने की व्यवस्था की गई है।

मंदिर परिसर और मेला क्षेत्र में जगह-जगह बैरिकेडिंग की गई है। पुलिसकर्मियों की तैनाती के जरिए श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित रखने की कोशिश की जा रही है।

21 घंटे दर्शन की व्यवस्था, चरण स्पर्श पर प्रतिबंध

नवरात्र के दौरान मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए प्रतिदिन 21 घंटे की व्यवस्था की गई है। वहीं, भीड़ प्रबंधन और व्यवस्था बनाए रखने के लिए श्रद्धालुओं के चरण स्पर्श पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।

प्रशासन का उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से दर्शन कराना है। नवरात्र मेले के दौरान बड़ी संख्या में भक्तों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों और प्रशासनिक अधिकारियों को लगातार निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।

विंध्याचल धाम में नवरात्र के पहले दिन से ही धार्मिक उत्साह का माहौल है। मां के जयकारों के बीच श्रद्धालु दर्शन-पूजन कर रहे हैं और मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस एवं प्रशासन की टीमें मुस्तैद हैं।

Location :  Mirzapur

Published :  11 October 2026, 10:56 AM IST