देवरिया में शिक्षा के मंदिर में अश्लीलता का तांडव, स्कूल परिसर बना डांस फ्लोर, सिस्टम पर उठे सवाल

देवरिया के उच्च प्राथमिक विद्यालय महुई में ब्रह्म भोज की आड़ में अश्लील डांस, पूरी रात डीजे, शिक्षा विभाग और प्रशासन की भूमिका पर उठे सवाल।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 20 January 2026, 2:24 PM IST

Deoria: जहां किताबों की आवाज होनी चाहिए थी, वहां पूरी रात डीजे की गूंज सुनाई देती रही। जहां बच्चों को संस्कार और अनुशासन सिखाया जाता है, वहीं फूहड़ गानों पर ठुमके लगाए गए। देवरिया से सामने आई यह तस्वीर न सिर्फ चौंकाने वाली है बल्कि शिक्षा व्यवस्था पर एक करारा तमाचा भी है। मामला विकासखंड देवरिया के अंतर्गत आने वाले उच्च प्राथमिक विद्यालय महुई का है, जहां विद्यालय परिसर को ही तमाशे का मंच बना दिया गया।

ब्रह्म भोज की आड़ में स्कूल में अश्लील डांस

बताया जा रहा है कि गांव के एक व्यक्ति के घर ब्रह्म भोज का कार्यक्रम था, लेकिन उसी कार्यक्रम की आड़ में विद्यालय परिसर में टेंट लगवाकर डीजे और डांस का आयोजन किया गया। आरोप है कि देर रात तक अश्लील गानों पर नाच-गाना चलता रहा। जिस स्थान को बच्चों के भविष्य निर्माण का केंद्र माना जाता है, उसी जगह मर्यादा को खुलेआम तार-तार किया गया।

पूरी रात बजता रहा डीजे, लोग रहे खामोश

स्थानीय लोगों का कहना है कि रातभर तेज आवाज में डीजे बजता रहा और अश्लील नृत्य होते रहे। कुछ ग्रामीणों ने इसका विरोध भी किया, लेकिन कार्यक्रम बंद नहीं हुआ। सवाल यह भी उठ रहा है कि इतने बड़े आयोजन के दौरान न तो पुलिस पहुंची और न ही शिक्षा विभाग का कोई अधिकारी मौके पर नजर आया।

विद्यालय प्रशासन की भूमिका पर सवाल

इस घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या यह सब विद्यालय प्रशासन की जानकारी और अनुमति से हुआ। अगर नहीं, तो स्कूल परिसर में टेंट, डीजे और कार्यक्रम कैसे होने दिया गया। शिक्षा विभाग की निगरानी व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। आखिर शिक्षा का मंदिर इस तरह अपवित्र कैसे हो गया।

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने साधी चुप्पी

जब इस पूरे मामले पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से प्रतिक्रिया लेने की कोशिश की गई, तो उन्होंने कुछ भी कहने से साफ इनकार कर दिया। अधिकारी की चुप्पी ने मामले को और संदिग्ध बना दिया है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो ऐसे मामले आगे भी दोहराए जाएंगे।

कार्रवाई का इंतजार

फिलहाल मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग और प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। अब देखना यह होगा कि शिक्षा के मंदिर को बदनाम करने वालों पर प्रशासन कब कार्रवाई करता है और दोषियों को क्या सजा मिलती है।

Location : 
  • Deoria

Published : 
  • 20 January 2026, 2:24 PM IST