Gold Price: त्‍यौहारों से पहले सोने को लेकर बड़ी खबर, सरकार ने बढ़ाए ये चार्ज, जानिए इसका असर

त्‍यौहारी सीजन शुरू होने से ठीक पहले केंद्र सरकार ने सोने को लेकर बड़ा फैसला किया है। सोने पर BIS हॉलमार्किंग के चार्जेज बढ़ा दिए गये हैं।

Post Published By: Komal Chauhan
Updated : 16 September 2026, 6:52 PM IST

New Delhi:  गणेश चतुर्थी के बाद देश के लोग त्यौहारों के स्वागत की तैयारी में जुटने लगे हैं। लेकिन त्‍यौहारी सीजन शुरू होने से ठीक पहले ही केंद्र सरकार ने सोने को लेकर बड़ा फैसला किया है। ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (BIS) ने सोने पर हॉलमार्किंग चार्ज को बढ़ा दिया है। इसके बाद देश में सोना खरीदना और महंगा हो जाएगा।

ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (BIS) ने सोने और चांदी की चीज़ों के लिए हॉलमार्किंग चार्ज में बदलाव किया है। सोने के लिए फीस ₹45 से बढ़ाकर ₹75 कर दी गई है, जबकि चांदी के लिए चार्ज ₹35 ही रहेगा। नई दरें त्योहारों के मौसम से पहले लागू हो गई हैं। इस बदलाव की जानकारी 14 सितंबर, 2026 को BIS (हॉलमार्किंग) संशोधन नियम, 2026 के ज़रिए दी गई थी।

हॉलमार्किंग के नए चार्ज

संशोधित शेड्यूल IV के तहत, ज्वैलर्स को अब सोने की हर चीज़ के लिए ₹75 देने होंगे, और हर कंसाइनमेंट (खेप) के लिए कम से कम ₹200 का चार्ज देना होगा। चांदी की चीजों के लिए, मान्यता प्राप्त एसेइंग और हॉलमार्किंग सेंटर्स (AHCs) को दी जाने वाली फीस प्रति आइटम ₹35 ही रहेगी, और हर कंसाइनमेंट के लिए कम से कम ₹150 का चार्ज लगेगा।

BIS हॉलमार्क वाली ज्वेलरी में इस्तेमाल होने वाली कीमती धातुओं की शुद्धता को सर्टिफाई करता है। हॉलमार्क वाली चीज पर तीन मुख्य निशान होते हैं: BIS लोगो, शुद्धता का ग्रेड (कैरेट या मिलेसिमल फाइननेस में), और छह अंकों का अल्फान्यूमेरिक हॉलमार्किंग यूनिक आइडेंटिफिकेशन (HUID) नंबर।

ज्वेलरी इंडस्ट्री ने समीक्षा की मांग की

ऑल इंडिया जेम एंड ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल (GJC) ने इस बढ़ोतरी पर चिंता जताई है और सरकार व BIS से इस फैसले की तुरंत समीक्षा करने का आग्रह किया है। इंडस्ट्री बॉडी ने यह भी मांग की है कि जब तक स्टेकहोल्डर्स (हितधारकों) के साथ बातचीत नहीं हो जाती, तब तक मौजूदा चार्ज ही लागू रहें। GJC के चेयरमैन राजेश रोकड़े ने कहा, "GJC और ज्वेलरी इंडस्ट्री ने हमेशा हॉलमार्किंग का समर्थन किया है क्योंकि शुद्धता का भरोसा और ग्राहकों का विश्वास हमारे कारोबार के लिए बहुत जरूरी है।

हालांकि, हॉलमार्किंग का समर्थन करने का मतलब यह नहीं है कि नियमों का पालन करने की लागत में लगभग 67 प्रतिशत की बढ़ोतरी बिना जांच-पड़ताल के लागू कर दी जाए। हॉलमार्किंग का दायरा काफी बढ़ गया है। इसलिए, इंडस्ट्री को यह जानने का अधिकार है कि इस समय प्रति-आइटम चार्ज को ₹45 से बढ़ाकर ₹75 करना क्यों जरूरी समझा गया।

ज्वैलर्स पर ज्यादा लागत का बोझ

रोकड़े ने कहा कि नियमों का पालन करने वाले ज्वैलर्स पर ज्यादा लागत का बोझ डालने के बजाय, फर्जी हॉलमार्किंग, बिना मंजूरी के काम करने और नियमों का पालन न करने जैसी समस्याओं से निपटने को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

GJC के वाइस चेयरमैन अविनाश गुप्ता का बयान

GJC के वाइस चेयरमैन अविनाश गुप्ता ने कहा, नियमों का पालन (compliance) कमर्शियल तौर पर टिकाऊ होना चाहिए। अगर नियमों के पालन की लागत बढ़ती रहती है और साथ ही अनौपचारिक और अनधिकृत चैनल भी काम करते रहते हैं, तो दोनों के बीच का अंतर बढ़ जाता है। यह सरकार, इंडस्ट्री या कंज्यूमर किसी के भी हित में नहीं है। गुप्ता ने हॉलमार्किंग की मात्रा बढ़ाने के लिए कंपनियों के बीच हो रही होड़ में भारी डिस्काउंट और कमर्शियल लालच दिए जाने पर भी चिंता जताई।

सोने की आज की कीमतें

सोने की कीमतों के बारे में, 'डायनामाइट न्यूज़' के एक संवाददाता ने बताया कि बुधवार दोपहर दिल्ली के करोल बाग गोल्ड मार्केट में प्रति 10 ग्राम दरें इस प्रकार थीं:

22-कैरेट: ₹1,40,600

18-कैरेट: ₹1,16,200

14-कैरेट: ₹91,700

Location :  New Delhi

Published :  16 September 2026, 5:59 PM IST