झारखंड में लाख की खेती को मिला कृषि का दर्जा

झारखंड मंत्रिमंडल ने सोमवार को लाख की खेती को कृषि का दर्जा देने का फैसला किया ताकि इसका उत्पादन बढ़ाया जा सके और किसानों के जीवन में सुधार हो सके।

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 18 April 2023, 9:56 AM IST

रांची: झारखंड मंत्रिमंडल ने सोमवार को लाख की खेती को कृषि का दर्जा देने का फैसला किया ताकि इसका उत्पादन बढ़ाया जा सके और किसानों के जीवन में सुधार हो सके।

मंत्रिमंडल सचिव वंदना दादेल ने कहा कि इस कदम से लगभग चार लाख परिवारों, विशेषकर आदिवासियों को लाभ होगा जो लाख की खेती करते हैं।

लाख उत्पादन में झारखंड देश का अग्रणी राज्य है।

राष्ट्रीय माध्यमिक कृषि संस्थान, रांची के निदेशक डॉ. अभिजीत कर ने डाइनामाइट न्यूज़ से कहा, 'देश के कुल लाख उत्पादन में राज्य का योगदान लगभग 54 प्रतिशत है।'

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने फरवरी 2021 में घोषणा की थी कि उनकी सरकार लाख की खेती को कृषि का दर्जा देगी और इसका न्यूनतम समर्थन मूल्य तय करेगी।

मंत्रिमंडल ने 20 एजेंडे को मंजूरी दी। इसने झारखंड राज्य चिकित्सा परिषद के लिए दिशा-निर्देश तैयार करने को भी मंजूरी दी।

दादेल ने कहा कि परिषद तो है लेकिन दिशा-निर्देश तैयार नहीं किए गए हैं।

Published : 
  • 18 April 2023, 9:56 AM IST

No related posts found.