
नई दिल्ली: कृषि कानूनों के खिलाफ जारी किसान आंदोलन के बीच संयुक्त किसान मोर्चा ने मंगलावर को फिर एक बड़ा ऐलान किया है। संयुक्त किसान मोर्चा ने सरकार द्वारा किये जा रहे सार्वजनिक क्षेत्रों के निजिकरण के खिलाफ वे ट्रेड संगठनों के साथ मिलकर 15 मार्च को देश भर की सड़कों पर उतरकर धरना-प्रदर्शन करेंगे। रेलवे स्टेशनों के बाहर भी प्रदर्शन किया जायेगा।
संयुक्त किसान मोर्चा की प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए योगेंद्र यादव ने कहा कि देश के 10 ट्रेड संगठनों के साथ हमारी मीटिंग हुई है। सरकार सार्वजनिक क्षेत्रों का जो निजीकरण कर रही है, हम उसके विरोध में 15 मार्च को पूरे देश की सड़कों और रेलवे स्टेशनों के बाहर धरना प्रदर्शन करेंगे। इस प्रदर्शन में देश भर के मज़दूर और कर्मचारी सड़कों पर उतरेंगे।
योगेंद्र यादव ने कहा कि आज की बैठक में हमने 15 मार्च तक का कार्यक्रम तय कर दिया है। 6 मार्च को जब हमारा आंदोलन 100वें दिन में प्रवेश करेगा, उस दिन हम सभी किसान कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेसवे के अलग-अलग प्वाइंट्स पर इकट्ठा होकर इसे जाम करेंगे। इन एक्सप्रेसवे को सुबह 11 बजे से लेकर शाम 4 बजे तक ब्लॉक किया जायेगा।
मोर्चा के नेताओं ने कहा कि सरकार की तरफ से हमारे इस किसान आंदोलन को समाप्त करने का प्रयास किया गया था। केंद्र सरकार में हरियाणा के जो 3 केंद्रीय मंत्री हैं, उन 3 केंद्रीय मंत्रियों का उनके गांव में प्रवेश पर रोक लगा दी जाएगी।
Published : 2 March 2021, 6:48 PM IST
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