इलाहाबाद हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, कहा- यूपी बोर्ड ऑफ मदरसा एजुकेशन एक्ट 2004 असंवैधानिक

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने यूपी मदरसा बोर्ड एक्ट 2004 असंवैधानिक करार दिया है। साथ ही सरकार को भी एक योजना बनाने का निर्देश दिया है। ताकि यहां के बच्चों को समायोजित किया जा सके। पढ़िए डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी रिपोर्ट

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 22 March 2024, 1:48 PM IST

प्रयागराज: इलाहाबाद हाई कोर्ट ने यूपी मदरसा बोर्ड एक्ट 2004 असंवैधानिक करार दिया है। इस मामले में शुक्रवार को सुनवाई हुई। इस दौरान हाईकोर्ट ने इसे असंवैधानिक करार दिया। इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ बेंच ने यूपी बोर्ड ऑफ मदरसा एजुकेशन एक्ट 2004 को धर्मनिरपेक्षता के सिद्धांत के खिलाफ बताया है।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसारवहीं, कानून को अल्ट्रा वायर्स घोषित किया गया है। इसके अलावा जस्टिस विवेक चौधरी और जस्टिस सुभाष विद्यार्थी की खंडपीठ ने उत्तर प्रदेश सरकार को एक योजना बनाने का भी निर्देश दिया है। ताकि वर्तमान में मदरसों में पढ़ रहे छात्रों को औपचारिक शिक्षा प्रणाली में समायोजित किया जा सके।

वहीं मामले में चेयरमैन डॉक्टर इफ्तिखार अहमद का कहना है कि वह विस्तृत आदेश का इंतजार करेंगे। इसके बाद मामले का अध्यन करेंगे और वकील की एक टीम तैयार करेंगे। अगर जरूरी हुआ तो सुप्रीम कोर्ट का भी रुख करेंगे। क्योंकि यह 2 लाख बच्चों के भविष्य के फैसला है।

Published : 
  • 22 March 2024, 1:48 PM IST