America: भारत रणनीतिक साझेदार है लेकिन हत्या की साजिश में शामिल लोगों को जवाबदेह ठहराना जरूरी

अमेरिकी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास एवं कार्यालय व्हाइट हाउस ने कहा है कि भारत अमेरिका का एक रणनीतिक साझेदार है और उसने नयी दिल्ली से एक अमेरिकी सिख अलगाववादी नेता की हत्या की साजिश के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराए जाने की अपील की है। पढ़िये डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी रिपोर्ट

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 8 December 2023, 10:53 AM IST

वाशिंगटन:  अमेरिकी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास एवं कार्यालय व्हाइट हाउस ने कहा है कि भारत अमेरिका का एक रणनीतिक साझेदार है और उसने नयी दिल्ली से एक अमेरिकी सिख अलगाववादी नेता की हत्या की साजिश के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराए जाने की अपील की है।

 डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के मुताबिक अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा प्रवक्ता जॉन किर्बी ने यहां व्हाइट हाउस के एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘भारत एक रणनीतिक साझेदार है। हम इस रणनीतिक साझेदारी को और गहरा कर रहे हैं। वह प्रशांत में क्वाड (चतुष्पक्षीय सुरक्षा संवाद) का सदस्य है। हम कई मामलों पर उनके साथ मिलकर काम कर रहे हैं और हम चाहते हैं कि यह इसी प्रकार जारी रहे। इसी के साथ हम इन आरोपों की गंभीरता को भी निश्चित रूप से समझते हैं।’’

किर्बी ने इस कथित षड्यंत्र का असर भारत और अमेरिका के द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ सकने से जुड़े एक प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा, ‘‘हम चाहते हैं कि इसकी गहन जांच हो और इसके लिए जिम्मेदार लोगों को उचित तरीके से जवाबदेह ठहराया जाए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘इस मामले की सक्रियता से जांच की जा रही है। हमने कहा है कि हमें इस बात की खुशी है कि भारतीय समकक्ष इसे गंभीरता से ले रहे हैं और ऐसा (गहन जांच) कर रहे हैं। हम चाहते हैं कि इन हमलों के लिए जिम्मेदार लोगों को पूरी तरह जवाबदेह ठहराया जाए, लेकिन मैं जांच पूरी होने से पहले और कुछ नहीं कहूंगा।’’

अमेरिका में संघीय अभियोजकों ने आरोप लगाया है कि निखिल गुप्ता नाम के व्यक्ति ने एक भारतीय सरकारी अधिकारी के साथ मिलकर सिख अलगाववादी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साजिश रची थी जो सफल नहीं हो पाई। पन्नू के पास अमेरिका तथा कनाडा की नागरिकता है।

भारत ने अमेरिकी धरती पर सिख अलगाववादी की हत्या की साजिश रचने के आरोपी व्यक्ति के साथ एक भारतीय अधिकारी को अमेरिका द्वारा जोड़े जाने को ‘‘चिंता का विषय’’ बताया है। विदेश मंत्रालय ने कहा है कि आरोपों की जांच के लिए गठित समिति के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

 

Published : 
  • 8 December 2023, 10:53 AM IST

No related posts found.