बेटी की रेप के बाद हत्या के मामले में परिजनो को नहीं मिला इंसाफ, की आत्मदाह कोशिश

डीएन संवाददाता

लखनऊ स्थित विधानसभा के बाहर उस समय हड़कंप मच गया, जब उन्नाव से आया एक परिवार मिट्टी का तेल डालकर आत्मदाह का प्रयास करने लगा। परिवार का आरोप है कि पुलिस ने उनकी बेटी की रेप के बाद की गयी हत्या को आत्महत्या को मामला बताने की कोशिश की..

लखनऊ: सीएम योगी की लाख नसीहत देने के बाद भी सुबे के अधिकारियों के रवैये में किसी तरह का कोई सुधार नहीं दिख रहा है। नया मामला यूपी के उन्नाव जिले का है, जहां एक छात्रा के साथ बलात्कार कर उसकी हत्या कर दी गयी और पुलिस ने इसे सुसाइड का मामला बताने की कोशिश की। मामले में पीड़ित परिवार न्याय के लिए दर-दर भटकता रहा। मगर उसे न्याय मिलना तो दूर आरोपियों की तरफ से लगातार धमकियां मिल रही हैं।

आलाधिकारियों से इंसाफ की गुहार

गौरतलब है की उन्नाव जिले के अजगैन थाना क्षेत्र के रहने वाले अनिल कुशवाहा की 12 साल की नाबालिग बेटी के साथ कुछ लोगों ने बीते 24 सितंबर को बलात्कार किया औऱ उसके बाद उसकी हत्या कर दी।

मामले में पीड़ित पक्ष की तरफ से थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस ने आज तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की। इंसाफ की मांग को लेकर पीड़ित परिवार उन्नाव के आलाधिकारियों समेत लखनऊ के कई अधिकारियों से मिला। मगर इंसाफ तो दूर पीड़ित परिवार को आरोपियों की ओर से जान से मारने की धमकी मिलने लगी।

विधानसभा के बाहर खुदकुशी का प्रयास

परिवार के मुखिया अनिल कुशवाहा ने बताया कि बेटी के साथ पहले बलत्कार और फिर उसकी हत्या कर दी गई। अजगैन थाने में मुकदमा दर्ज होने के बाद भी पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। परिवार के मुखिया ने बताया की वे अपनी पत्नी और 2 बच्चों संग विधानसभा के बाहर आत्मदाह करने पहुंचे थे। जब उन्हें प्रशासन से इंसाफ नही मिल सकता तब उनके जीवित रहने का कोई फायदा नहीं है। 

विधानसभा की सुरक्षा में तैनात महिला पुलिसकर्मी शिवकुमारी ने बताया कि उन्होंने जब कुछ लोगों को विधानसभा के बाहर अपने शरीर पर मिट्टी का तेल डालते और आग लगाने की कोशिश करते हुए देखा। तब उन्होंने तुरंत उन्हें उनके हाथ से माचिस छीन लिया और उन्हें थाने लेकर आए। हजरतगंज पुलिस का कहना है कि उन्नाव पुलिस से बात कर पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाया जाएगा।
 

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