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नयी दिल्ली: पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) ने राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) के तहत धन निकासी को अंशधारकों के लिए ‘पेनी ड्रॉप’ सत्यापन अनिवार्य कर दिया है। इससे अंशधारकों के पैसे का समय पर हस्तांतरण सुनिश्चित होगा।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के मुताबिक ‘पेनी ड्रॉप’ प्रक्रिया के तहत, रिकॉर्ड रखने वाली केंद्रीय एजेंसियां (सीआरए) बैंक बचत खाते की सक्रिय स्थिति देखती हैं और बैंक खाता संख्या और ‘प्राण’ (स्थायी सेवानिवृत्ति खाता संख्या) या दाखिल किए गए दस्तावेजों में दिए गए नाम का मिलान करती हैं।
ये प्रावधान एनपीएस, अटल पेंशन योजना (एपीवाई) और एनपीएस लाइट में सभी प्रकार की निकासियों के साथ-साथ ग्राहकों के बैंक खाता विवरणों में बदलाव के लिए लागू होंगे।
लाभार्थी के बैंक खाते में एक छोटी राशि डालकर और पेनी ड्रॉप प्रतिक्रिया के आधार पर नाम का मिलान करके ‘परीक्षण लेनदेन’ करके खाते की वैधता सत्यापित की जाती है।
पीएफआरडीए की एक हालिया अधिसूचना के अनुसार, “नाम मिलान, निकास/निकासी आवेदनों को संसाधित करने और ग्राहक के बैंक खाते के विवरण को संशोधित करने के लिए पेनी ड्रॉप सत्यापन आवश्यक रूप से सफल होना चाहिए।”
Published : 29 October 2023, 3:30 PM IST
Topics : एनपीएस पीएफआरडीए पेनी ड्रॉप पेंशन कोष नियामक सत्यापन
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