Myanmar Earthquake: म्यांमार में भूकंप से तबाही, 1000 से ज्यादा हुई मौतें, जानिए अब तक का पूरा अपडेट

म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप की वजह से तबाही का मंजर देखने को मिल रहा है। डाइनामाइट न्यूज़ की इस रिपोर्ट में जानिए क्या है पूरा अपडेट

Updated : 29 March 2025, 12:26 PM IST
google-preferred

नई दिल्ली: म्यांमार और थाईलैंड में शुक्रवार, 28 मार्च को आए विनाशकारी भूकंप ने भारी तबाही मचाई। म्यांमार में अब तक 1000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि सैकड़ों लोग लापता हैं। भूकंप में 2300 से अधिक लोग घायल हुए हैं, और राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है।

म्यांमार में हालात गंभीर, आपातकाल लागू

म्यांमार सरकार ने इस प्राकृतिक आपदा के मद्देनजर आपातकाल घोषित कर दिया है। भूकंप का असर केवल म्यांमार तक सीमित नहीं रहा, बल्कि भारत, चीन, नेपाल सहित पांच देशों में इसके झटके महसूस किए गए। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) ने भूकंप की तीव्रता 7.7 मापी है। इसके बाद भी क्षेत्र में कई बार झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में दहशत बनी हुई है।

भारत ने भेजी राहत सामग्री

म्यांमार की मदद के लिए भारत ने ऑपरेशन ब्रह्मा के तहत राहत सामग्री भेजी है। भारतीय वायुसेना का C-130J विमान करीब 15 टन राहत सामग्री लेकर यांगून पहुंचा है। भूकंप प्रभावित इलाकों में अस्पतालों में घायलों की संख्या लगातार बढ़ रही है, और खून की भारी कमी की खबरें भी सामने आ रही हैं।

म्यांमार में तबाही का मंजर

राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (NCS) के अनुसार, शुक्रवार रात 11:56 बजे म्यांमार में 4.7 तीव्रता का एक और झटका महसूस किया गया। इसके अलावा, शनिवार सुबह अफगानिस्तान में 4.2 तीव्रता का भूकंप आया।

म्यांमार के प्रमुख शहर मंडाले, नेपिटॉ और यांगून में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। सरकारी समाचार पत्र ग्लोबल न्यू लाइट ऑफ म्यांमार के अनुसार, पांच शहरों और कई कस्बों में इमारतें जमींदोज हो गई हैं, जबकि दो प्रमुख पुल भी ढह चुके हैं। सबसे अधिक मौतें नेपिटॉ में दर्ज की गई हैं, जहां अब तक 90 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।

थाईलैंड में भूकंप से 10 लोगों की मौत

थाईलैंड में भी इस भूकंप का प्रभाव देखने को मिला, जहां अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है।

आगे भी आ सकते हैं झटके

भूवैज्ञानिकों के अनुसार, म्यांमार और आसपास के इलाकों में अभी और झटके आ सकते हैं। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।

राहत कार्य जारी है, लेकिन तबाही के मंजर के बीच बचाव दल के सामने कई चुनौतियां हैं। प्रशासन और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं।

Published : 
  • 29 March 2025, 12:26 PM IST

Advertisement
Advertisement