Covid 19 News in Delhi: लॉकडाउन के पहले दिन दिल्ली मेट्रो में देखिये कैसा रहा लोगों का हाल

देश की राजधानी दिल्ली में चरम पर पहुंचे कोरोना संकट से बचाव के लिये लगाये गये लाकडाउन के पहले दिन दिल्ली मेट्रो में सोशल डिस्टेंशिंग की धज्जियां उड़तीं देखी गई, जो बेहद चिंताजनक है। पढिये डाइनामाइट न्यूज की पूरी रिपोर्ट

Updated : 20 April 2021, 11:25 AM IST
google-preferred

नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली में चरम पर पहुंचे कोरोना संक्रमण को टालने के लिये दिल्ली सरकार ने सोमवार रात 10 बजे से 26 अप्रैल सुबह तक के लिये लॉकडाउन लगा दिया है। इस दौरान केवल जरूरी सेवाओं और इससे जुड़े लोगों के लिये आवागमन की अनुमति दी गई है। लेकिन दिल्ली में लगे लॉकडाउन के पहले दिन पीक आवर में सुबह 8 से 10 बजे के बीच 30-30 मिनट के अंतराल में चल रही दिल्ली मेट्रो में इतनी भीड़ उमड़ पड़ी कि सोशल डिस्टेंशिंग की धज्जियां उड़ती नजर आयी।

राजधानी दिल्ली में पिछले कुछ दिनों से हर रोज कोरोना के रिकॉर्ड तोड़ मामले सामने आ रहे हैं। कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए दिल्ली में लगे 6 दिन के लाकडाउन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो ने भी अपनी सेवाओं को सुबह-शाम के दो-दो घंटों में 30-30 मिनट के अंतराल और बाकी समय के लिये 1-1 घंटे की फ्रीक्वेंसी में मेट्रो संचालन की घोषणा की है। इसके साथ ही मेट्रो ने 50 फीसदी ऑक्यूपेंसी के साथ मेट्रो चलाने की बात कही। लेकिन लाकडाउन के पहले दिन सुबह 9 बजे के आसापास वाले पीक आवर में द्वारका से नोएडा रूट वाली मेट्रो पूरी तरह खचाखच भरी दिखी। 

ब्लू लाइन मेट्रो में मंगलवार की सुबह भीड़ का नजारा 

डाइनामाइट न्यूज संवादादाता ने लाकडाउन का हाल जानने के लिये दिल्ली मेट्रो की ब्लू लाइन में बैठकर यात्रा की। मंगलवार सुबह 9 बजे के आसापास द्वारका से नोएडा एलेक्ट्रॉनिक सिटी के रूट पर जनकपुरी से राजीव चौक के बीच की इस यात्रा में भारी भीड़-भाड़ देखने को मिली। मंगलवार को मेट्रो से यात्रा करने वाले लोगों की संख्या पिछले दिनों के मुकाबले भी ज्यादा नजर आयी। दरअसल, यात्रियों की ज्यादा संख्या और मेट्रो की कम फ्रीक्वेंसी के चलते यह हालात पैदा हुए। मेट्रो में सवारियों की संख्या इतनी ज्यादा हो गई की सोशल डिस्टेंशिंग का स्वाभाविक तौर पर उल्लंघन होता दिखा।

डाइनामाइट न्यूज से बातचीत में मेट्रो में यात्रा कर रहे लोगों ने बताया कि कोरोना संकट में दिल्ली मेट्रो में सोशल डिस्टेंशिंग का उल्लंघन होना बड़े खतरे की घंटी है। एक पैसेंजर ने कहा कि इसी तरह भीड़भाड़ होती रही तो कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने को लगाये गये लाकडाउन का उद्देश्य ही खत्म हो जायेगा। इस दौरान यात्री सोशल डिस्टेंशिंग के उल्लंघन को लेकर चिंतित भी नजर आये लेकिन जैसे-तैसे यात्रा करने को सभी लोगों ने अपनी लाचारी भी बतायी। 

डाइनामाइट न्यूज की इस पड़ताल के दौरान इंटरचेंज वाले मेट्रो स्टेशनों पर यात्रियों की सबसे ज्यादा भीड़ दिखाई दी। दिल्ली मेट्रो (डीएमआरसी) के अधिकारियों को मेट्रो में भीड़ और सोशल डिस्टेंशिंग का पालन न होने की जानकारी मिली तो सुबह के पीक ऑवर में ब्लू लाइन पर 9 मेट्रो स्टेशन पर यात्रियों की एंट्री क्लोज की गई है। यह निर्णय मेट्रो में बढती भीड़ को लेकर किया गया। डीएमआरसी ने इसकी आधिकारिक घोषणा भी की। हालांकि इस दौरान सभी मेट्रो स्टेशनों एग्जिट जारी रहा। हांलाकि दिल्ली मेट्रो ने कुछ समय के बाद ही बंद की गई यात्रियों की एंट्री को भी खोल दिया। 

डाइनामाइट न्यूज की इस पड़ताल में भी यह भी देखने को मिला कि लाकडाउन की पहली सुबह यानि मंगलवार को मेट्रो में यात्रा करने वाले लोगों में सबसे ज्यादा बैंक कर्मी, अर्धसैनिक बलों से जुड़े दस्ते व सुरक्षा कर्मी, मेडिकल, पैरामेडिकल स्टाफ, केंद्र सरकार के कर्मचारी, मीडिया पर्सन और अन्य जरूरी सेवाओं से जुड़े लोग शामिल थे।   

इस बीच दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली में लगे लाकडाउन को लेकर जनता से सहयोग की अपील की है। केजरीवाल ने एक ट्वीट कर कहा कि “दिल्ली में आज से लॉकडाउन शुरू हो चुका है। ये फ़ैसला आपके स्वास्थ्य और सुरक्षा के मद्देनज़र लिया गया है। कृपया इसमें सरकार का सहयोग करें, अपने घर पर ही रहें, संक्रमण से बचकर रहें”।

Published : 
  • 20 April 2021, 11:25 AM IST

Related News

No related posts found.

Advertisement
Advertisement