जी-20 की बैठकों से गोवा टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा, पढ़ें ये खास रिपोर्ट

जी-20 पर्यटन मंत्रिस्तरीय बैठक की मेजबानी के बाद गोवा जुलाई में इस प्रभावशाली समूह की दो और अहम बैठकों के आयोजन के लिए तैयार है। पढ़िये पूरी खबर डाइनामाइट न्यूज़ पर

Updated : 25 June 2023, 5:32 PM IST
google-preferred

पणजी: जी-20 पर्यटन मंत्रिस्तरीय बैठक की मेजबानी के बाद गोवा जुलाई में इस प्रभावशाली समूह की दो और अहम बैठकों के आयोजन के लिए तैयार है।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, ‘पूरब का मोती’ कहे जाने वाले गोवा के तट और नीले साफ आसमान देश और विदेशों से पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। हालांकि, चौथे और अंतिम जी-20 पर्यटन कार्य समूह की बैठक और जी-20 पर्यटन मंत्रिस्तरीय बैठक के लिए बुलाए गए जी-20 सदस्य देशों के प्रतिनिधियों के आगमन से राज्य में एक अलग दृश्य दिखा।

पर्यटन के मामले में बैठक से पहले गोवा ने स्टार्ट-अप, वित्त, लेखा, विकास और स्वास्थ्य से संबंधित जी-20 कार्यक्रमों की पांच बैठकों की मेजबानी की, जिससे राज्य में आयोजित जी-20 से संबंधित बैठकों की संख्या अब सात हो गई है।

गोवा में जी-20 बैठक के लिए नोडल अधिकारी संजीत रोड्रिग्स ने पीटीआई-भाषा से एक साक्षात्कार में कहा, ‘‘पर्यटन पर दो हालिया बैठकें गोवा में आयोजित छठी और सातवीं जी-20 बैठकें थीं। राज्य में नौ जी-20 कार्यक्रम होंगे। स्वच्छ ऊर्जा मंत्रिस्तरीय बैठक और एक अन्य जी-20 बैठक जुलाई में यहां होगी।’’

उन्होंने कहा कि पर्यटन से संबंधित बैठकों की तरह ये दोनों कार्यक्रम भी 19-22 जुलाई के दौरान एक के बाद एक आयोजित किए जाएंगे।

अधिकारी ने कहा कि ऐसे बड़े आयोजनों के लिए राज्य में किया गया बुनियादी ढांचा विकास अस्थायी नहीं है, बल्कि लंबे समय के लिए है।

पर्यटन मंत्रिस्तरीय बैठक में ब्रिटेन, ओमान, सऊदी अरब और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के मंत्री और कई अन्य देशों के प्रमुख प्रतिनिधि शामिल होंगे।

यह पूछे जाने पर कि क्या चीज गोवा को इस तरह के आयोजनों के लिए पसंदीदा स्थान बनाती है, इस पर रोड्रिग्स ने कहा, ‘‘गोवा बैठक, प्रोत्साहन, सम्मेलन और प्रदर्शनी (एमआईसीई) पर्यटन के लिए एक पसंदीदा स्थान रहा है और इस तरह के सम्मेलनों और बड़ी बैठकों के लिए बहुत सारी बुनियादी सुविधाएं बनाई गई हैं। इसलिए, यह एक स्वाभाविक विकल्प बन जाता है।’’

एमआईसीई पर्यटन एक प्रकार का पर्यटन है जिसमें पूर्व नियोजित योजना के तहत बड़े समूहों को एकसाथ लाया जाता है।

उन्होंने कहा कि जी-20 बैठकों जैसे बड़े कार्यक्रमों के आयोजन से इसकी ‘ब्रैंड वैल्यू’ बढ़ी है।

Published :  25 June 2023, 5:32 PM IST

Related News

No related posts found.

Advertisement