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महराजगंज के निचलौल थाना क्षेत्र अंतर्गत खोन्हौली गांव में शुक्रवार सुबह ग्रामीणों ने खेत की मेड़ पर एक विशालकाय अजगर देखा। देखते ही ग्रामीणों में दहशत फैल गई। सर्प रेस्क्यू टीम को बुलाकर अजगर को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया, जिससे इलाके में राहत की स्थिति बनी।
खोन्हौली गांव में विशाल अजगर का आतंक
Maharajganj : निचलौल थाना क्षेत्र अंतर्गत खोन्हौली गांव के दक्षिण सिवान में शुक्रवार की सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब ग्रामीणों ने खेत की मेड़ के पास एक विशालकाय अजगर को सरकते हुए देखा।
अजगर का आकार इतना बड़ा था कि देखते ही देखते पूरे इलाके में इसकी चर्चा फैल गई और मौके पर लोगों की भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। अचानक मिले इस दृश्य ने ग्रामीणों में दहशत पैदा कर दी। कई लोग दूर से वीडियो बनाने लगे, जबकि कुछ लोग स्थिति को लेकर चिंतित दिखाई दिए।
ग्रामीणों ने मामले की सूचना स्थानीय सर्प रेस्क्यू टीम को दी। सूचना मिलते ही सर्प रेस्क्यू विशेषज्ञ रामबचन सहानी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने बिना किसी हड़बड़ी और घबराहट के पूरी सावधानी के साथ रेस्क्यू अभियान शुरू किया। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद रामबचन सहानी ने विशालकाय अजगर को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया। उनके कुशल रेस्क्यू के बाद भीड़ में मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और उन्हें धन्यवाद दिया।
महराजगंज: खोन्हौली गांव में विशालकाय अजगर दिखने से ग्रामीणों में अफरा-तफरी मची। सर्प रेस्क्यू टीम के रामबचन सहानी ने अजगर को सुरक्षित रेस्क्यू कर वन्यजीव को प्राकृतिक आवास में छोड़ा। ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।#Maharajganj #SnakeRescue #WildlifeSafety #Khonhaule pic.twitter.com/UENve0MasQ
— डाइनामाइट न्यूज़ हिंदी (@DNHindi) November 29, 2025
अजगर को पकड़ने के बाद सर्प रेस्क्यू टीम ने उसे वन विभाग की देखरेख में सुरक्षित स्थान पर छोड़ा, ताकि वह जंगल में बिना किसी बाधा के अपने प्राकृतिक आवास में रह सके। ग्रामीणों ने बताया कि इस क्षेत्र में पहले भी छोटे सांप दिखाई देते रहे हैं, लेकिन इतने बड़े अजगर को पहली बार देखा गया है। इससे बच्चों और पशुओं की सुरक्षा को लेकर भी लोग चिंतित हो गए थे।
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सर्प रेस्क्यू टीम ने ग्रामीणों से अपील की कि ऐसे मौके पर सांपों को मारने के बजाय तुरंत सूचना दें, क्योंकि ये वन्यजीव पर्यावरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। टीम ने यह भी कहा कि भीड़ न लगाएं, क्योंकि इससे रेस्क्यू में बाधा उत्पन्न हो सकती है और खतरा बढ़ सकता है।